Tiger Population: 2018 के बाद से भारत में बाघों की संख्या में 6.74% की वृद्धि, पीएम मोदी ने जारी किए आंकड़े

बाघ अभयारण्य का आनंद उठाने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ट्वीट किया, लिखा, सुबह सुंदर बांदीपुर बाघ अभयारण्य में बिताई और भारत के वन्य जीवन, प्राकृतिक सुंदरता और विविधता की झलक देखी.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कर्नाटक के बांदीपुर बाघ अभयारण्य में रविवार सुबह जंगल ‘सफारी’ का लुफ्त उठाया. वह ‘प्रोजेक्ट टाइगर’ के 50 साल पूरे होने के मौके पर आयोजित कार्यक्रम के सिलसिले में चामराजनगर पहुंचे थे. जंगल सफारी के दौरान मोदी ने धारीदार सफारी वस्त्र और हैट पहन रखा था. बताया जाता है कि उन्होंने बाघ अभयारण्य में सफारी के दौरान करीब 20 किलोमीटर की दूरी तय की.

बाघ अभयारण्य का आनंद उठाने के बाद पीएम मोदी ने किया ट्वीट

बाघ अभयारण्य का आनंद उठाने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ट्वीट किया, लिखा, सुबह सुंदर बांदीपुर बाघ अभयारण्य में बिताई और भारत के वन्य जीवन, प्राकृतिक सुंदरता और विविधता की झलक देखी.

पीएम मोदी ने बाघों की आबादी का जारी किया आंकड़ा

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मैसुरु में बाघों की आबादी को लेकर नवीनतम आंकड़ा जारी किया और बताया कि 2022 में भारत में बाघों की संख्या 3,167 थी. उन्होंने बताया, देश में 2006 में बाघों की आबादी 1411, 2010 में 1706, 2014 में 2226, 2018 में 2967 और 2022 में 3167 थी.

Also Read: नीतीश कुमार में प्रधानमंत्री बनने के सारे गुण, बोले अखिलेश सिंह- नरेंद्र मोदी की विदाई कांग्रेस का पहला लक्ष्य

पीएम मोदी ने इंटरनेशन बिग कैट अलायंस की शुरुआत की

‘प्रोजेक्ट टाइगर’ के 50 साल पूरे होने के अवसर पर आयोजित एक कार्यक्रम के उद्घाटन सत्र में प्रधानमंत्री ने ‘इंटरनेशन बिग कैट अलायंस’ (आईबीसीए) की शुरुआत भी की. आईबीसीए का उद्देश्य बाघ और शेर समेत दुनिया की ‘बिग कैट’ परिवार की सात प्रमुख प्रजातियों की रक्षा एवं संरक्षण करना है. मोदी ने ‘अमृत काल का टाइगर विजन’ नाम की एक पुस्तिका का विमोचन भी किया, जो अगले 25 वर्षों में देश में बाघों के संरक्षण के लिए दृष्टिकोण पेश करती है.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By ArbindKumar Mishra

मुख्यधारा की पत्रकारिता में 14 वर्षों से ज्यादा का अनुभव. खेल जगत में मेरी रुचि है. वैसे, मैं राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय खबरों पर काम करता हूं. झारखंड की संस्कृति में भी मेरी गहरी रुचि है. मैं पिछले 14 वर्षों से प्रभातखबर.कॉम के लिए काम कर रहा हूं. इस दौरान मुझे डिजिटल मीडिया में काम करने का काफी अनुभव प्राप्त हुआ है. फिलहाल मैं बतौर शिफ्ट इंचार्ज कार्यरत हूं.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >