Red Fort Blast: धमाके के 11 दिन पहले यहां पहुंचा था उमर उन-नबी, CCTV फुटेज आया सामने

Red Fort blast: दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने बताया कि अल-फलाह यूनिवर्सिटी के खिलाफ धोखाधड़ी और फर्जीवाड़े के आरोपों में दो नई एफआईआर दर्ज की गई हैं. मामले का नया सीसीटीवी फुटेज सामने आया है.

Red Fort blast: दिल्ली पुलिस के अनुसार, दिल्ली के रेड फोर्ट ब्लास्ट की जांच में पता चला है कि धमाके वाली कार के ड्राइवर यानी डॉ. उमर उन-नबी हमले से लगभग 11 दिन पहले फरीदाबाद की एक मोबाइल दुकान में दिखाई दिया था. नए सीसीटीवी फुटेज में वह कम से कम दो मोबाइल फोन के साथ नजर आ रहा है. CCTV फुटेज सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. मामले की जांच कर रहे अधिकारियों के अनुसार, दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने मामले की गहरी साजिश की जांच के लिए दूसरी एफआईआर दर्ज की है. पहली एफआईआर को NIA को सौंप दिया गया था.

अल-फलाह यूनिवर्सिटी के खिलाफ धोखाधड़ी का केस

इसी बीच, दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने भी अल-फलाह यूनिवर्सिटी के खिलाफ धोखाधड़ी और फर्जीवाड़े के आरोपों में दो नई एफआईआर दर्ज की हैं. क्राइम ब्रांच के एक अधिकारी ने बताया कि ये मामले सरकार और लोगों को कॉलेज की फर्जी मान्यता देने से जुड़े हैं. यूनिवर्सिटी ने UGC और NAAC को गुमराह करने के लिए फर्जी दस्तावेज भी जमा किए. संस्थानों द्वारा समीक्षा के बाद जब ये गड़बड़ियां सामने आईं, तो पुलिस ने एफआईआर दर्ज की.

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रेड फोर्ट के पास धमाका, 12 लोगों की मौत

10 नवंबर को नबी द्वारा चल रही एक हुंडई i20 कार में रेड फोर्ट के पास धमाका हो गया. इस धमाके में कम से कम 12 लोगों की मौत हो गई. जांच एजेंसियों के मुताबिक, उमर पुलिस से छिप रहा था क्योंकि उसके साथी और डॉक्टर मुजम्मिल शकील गनाई के अलावा अदील राठर को एक संदिग्ध आतंक मॉड्यूल की जांच में गिरफ्तार किया गया था. उनकी गिरफ्तारी के बाद करीब 3000 किलो विस्फोटक भी बरामद किए गए.

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Author: Amitabh Kumar

अमिताभ कुमार झारखंड की राजधानी रांची के रहने वाले हैं और पिछले कई वर्षों से पत्रकारिता की दुनिया में सक्रिय हैं. डिजिटल न्यूज में अच्छी पकड़ है और तेजी के साथ सटीक व भरोसेमंद खबरें लिखने के लिए जाने जाते हैं. वर्तमान में अमिताभ प्रभात खबर डिजिटल में नेशनल और वर्ल्ड न्यूज पर फोकस करते हैं और तथ्यों पर आधारित खबरों को प्राथमिकता देते हैं. हरे-भरे झारखंड की मिट्टी से जुड़े अमिताभ ने अपनी शुरुआती पढ़ाई जिला स्कूल रांची से पूरी की और फिर Ranchi University से ग्रेजुएशन के साथ पत्रकारिता की पढ़ाई की. पढ़ाई के दौरान ही साल 2011 में रांची में आयोजित नेशनल गेम को कवर करने का मौका मिला, जिसने पत्रकारिता के प्रति जुनून को और मजबूत किया.1 अप्रैल 2011 से प्रभात खबर से जुड़े और शुरुआत से ही डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय रहे. खबरों को आसान, रोचक और आम लोगों की भाषा में पेश करना इनकी खासियत है. डिजिटल के साथ-साथ प्रिंट के लिए भी कई अहम रिपोर्ट कीं. खासकर ‘पंचायतनामा’ के लिए गांवों में जाकर की गई ग्रामीण रिपोर्टिंग करियर का यादगार अनुभव है. प्रभात खबर से जुड़ने के बाद कई बड़े चुनाव कवर करने का अनुभव मिला. 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव के साथ-साथ झारखंड विधानसभा चुनावों (2014, 2019 और 2024) की भी ग्राउंड रिपोर्टिंग की है. चुनावी माहौल, जनता के मुद्दे और राजनीतिक हलचल को करीब से समझना रिपोर्टिंग की खास पहचान रही है.

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