बॉलीवुड एक्ट्रेस Bhumi Pednekar इन दिनों सोशल मीडिया पर अपने एक बयान को लेकर चर्चा में हैं. उन्होंने हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ अभद्र भाषा के इस्तेमाल पर नाराजगी जताते हुए युवाओं से विरोध दर्ज कराने के दौरान मर्यादा बनाए रखने की अपील की. हालांकि उनका यह बयान सोशल मीडिया के एक वर्ग को पसंद नहीं आया और इसके बाद उन्हें जमकर ट्रोल किया जाने लगा.
क्या कहा था Bhumi Pednekar ने? भूमि ने अपने वीडियो संदेश में कहा कि लोकतंत्र में विरोध करना सभी का अधिकार है, लेकिन अपनी बात रखते समय भाषा की गरिमा भी बनी रहनी चाहिए. उन्होंने कहा कि किसी भी बड़े व्यक्ति या सार्वजनिक पद पर बैठे व्यक्ति के लिए अपमानजनक शब्दों का इस्तेमाल भारतीय संस्कृति का हिस्सा नहीं है.
'AC में बैठकर ज्ञान' कहकर साधा निशाना एक्ट्रेस के इस बयान के बाद सोशल मीडिया पर कई यूजर्स ने सवाल उठाए. कुछ लोगों ने आरोप लगाया कि भूमि ने प्रदर्शनकारी छात्रों की समस्याओं और उन पर हुई कथित पुलिस कार्रवाई का जिक्र नहीं किया. वहीं कई यूजर्स ने उन्हें "AC कार में बैठकर ज्ञान देने" वाला बताते हुए उनकी आलोचना की.
कहां से शुरू हुआ पूरा विवाद? दरअसल, यह पूरा विवाद NEET-UG 2026 पेपर लीक मामले को लेकर चल रहे छात्र प्रदर्शन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ की गई कथित अभद्र टिप्पणियों के बाद शुरू हुआ. इसी मुद्दे पर प्रतिक्रिया देते हुए भूमि ने संयमित भाषा की अपील की थी, जिसके बाद सोशल मीडिया पर उनके बयान को लेकर बहस छिड़ गई.
धमकियां मिलने पर छात्र के समर्थन में भी उतरीं हालांकि, विवाद बढ़ने के बाद भूमि पेडनेकर ने एक ऐसे युवा प्रदर्शनकारी के समर्थन में भी आवाज उठाई, जिसे सोशल मीडिया पर रेप और जान से मारने की धमकियां मिलने का दावा किया गया. उन्होंने ऑनलाइन नफरत और धमकियों वाले कल्चर पर चिंता जताते हुए सम्मानजनक संवाद की अपील की.
ये भी पढ़ें: एक्ट्रेसेस को नहीं मिलता है उनके हक का वेतन, डायरेक्टर व प्रोड्यूसर नहीं बल्कि ये हैं इसके जिम्मेदार...
