Startup : अब सात साल तक के पुराने कारोबारों को मिल सकेगा बढ़ावा, सरकार ने बदली परिभाषा

नयी दिल्ली : देश में सात साल पहले जिस किसी ने भी करोबार की शुरुआत की है, उसके इस उद्यम को स्टार्टअप का दर्जा मिल सकता है. इसका कारण यह है कि सरकार ने स्टार्टअप की परिभाषा में कुछ मामूली बदलाव किये हैं. कहा जा रहा है कि ‘स्टार्टअप इंडिया एक्शन प्लान’ के तहत मिलने […]

नयी दिल्ली : देश में सात साल पहले जिस किसी ने भी करोबार की शुरुआत की है, उसके इस उद्यम को स्टार्टअप का दर्जा मिल सकता है. इसका कारण यह है कि सरकार ने स्टार्टअप की परिभाषा में कुछ मामूली बदलाव किये हैं. कहा जा रहा है कि ‘स्टार्टअप इंडिया एक्शन प्लान’ के तहत मिलने वाले फायदों के लिए अब सात साल तक पुराने कारोबार भी योग्य होंगे.

पिछले साल घोषित की गयी इस योजना के तहत मिलने वाले फायदे अब तक पांच साल तक पुरानी (गठित होने की तारीख) कंपनियों को ही मिलते थे. नयी परिभाषा के अनुसार, अब ऐसी कंपनी को स्टार्टअप माना जायेगा, जिसका कारोबार 25 करोड़ रुपये से कम हो और जो अपरिवर्तित रही हो और पंजीकरण की तारीख से लेकर अब तक सात साल से अधिक पुरानी ना हो. हालांकि, जैव प्रौद्योगिकी क्षेत्र के स्टार्टअप के लिए यह समयावधि 10 वर्ष है.

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