Trump Chicago Immigration Crackdown Operation: अमेरिका में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शिकागो को निशाने पर लेते हुए एक बार फिर इमिग्रेशन पर कड़ा कदम उठाया है. गृह सुरक्षा विभाग (DHS) ने सोमवार को ‘ऑपरेशन मिडवे ब्लिट्ज’ की शुरुआत की, जिसके तहत “सबसे खतरनाक आपराधिक अवैध प्रवासियों” को पकड़ने का दावा किया गया है. इस कार्रवाई ने इलिनॉयस की राजनीति में तूफान खड़ा कर दिया है. गृह सुरक्षा विभाग ने कहा कि शिकागो और इलिनॉयस में अपराधी प्रवासी इसलिए आए क्योंकि गवर्नर जेबी प्रित्जकर और उनकी “सैंक्चुअरी पॉलिसी” उन्हें सुरक्षा देती रही. DHS की असिस्टेंट सेक्रेटरी ट्रिशिया मैक्लॉफलिन ने कहा कि प्रित्जकर और अन्य डेमोक्रेटिक नेता Tren de Aragua गैंग के सदस्य, बलात्कारियों, अपहर्ताओं और ड्रग तस्करों को सड़कों पर छोड़ते रहे. उन्होंने दोहराया कि “कोई भी शहर अपराधी प्रवासियों के लिए सुरक्षित ठिकाना नहीं होगा. हम उन्हें खोजेंगे, गिरफ्तार करेंगे और निर्वासित करेंगे.” DHS ने 11 ऐसे कथित “क्रिमिनल इललीगल एलियंस” की तस्वीरें, नाम और आपराधिक रिकॉर्ड भी जारी किए, जिन्हें शिकागो में छोड़े जाने का आरोप है.
Trump Chicago Immigration Crackdown Operation: गवर्नर प्रित्जकर का पलटवार
गवर्नर जेबी प्रित्जकर ने इस अभियान को अपराध नियंत्रण की बजाय डराने की राजनीति करार दिया. उन्होंने कहा कि अपराध से निपटने के लिए सहयोग और तालमेल चाहिए. लेकिन बीते हफ्तों में ऐसा कुछ नहीं हुआ. ट्रंप प्रशासन इलिनॉयस की जनता को डराने पर ज्यादा फोकस कर रहा है. शिकागो को लेकर ट्रंप लंबे समय से हमलावर हैं. उन्होंने इसे “क्राइम-रिडन हेलहोल” और “दुनिया का सबसे खतरनाक शहर” तक बताया. वॉशिंगटन और लॉस एंजिलिस में संघीय छापों और निर्वासन अभियानों के बाद अब शिकागो को उनकी अगली बड़ी कार्रवाई का केंद्र बनाया गया. ट्रंप ने बाल्टीमोर (मैरीलैंड) पर भी इसी तरह नेशनल गार्ड भेजने की धमकी दी थी.
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संवैधानिक टकराव की आशंका
राष्ट्रपति के पास वॉशिंगटन डीसी में नेशनल गार्ड तैनात करने का अधिकार है, लेकिन राज्यों में ऐसा करने के लिए गवर्नर की मंजूरी जरूरी होती है. ट्रंप के बयान ने कार्यकारी अधिकारों के दुरुपयोग और घरेलू जमीन पर सेना के इस्तेमाल को लेकर बहस छेड़ दी है. गवर्नर प्रित्जकर ने चेतावनी दी कि अगर ट्रंप ने बिना राज्य की मंजूरी सैनिक भेजने की कोशिश की, तो वे अदालत जाएंगे. इसी मुद्दे पर शिकागो में विरोध-प्रदर्शन भी शुरू हो गए.
मीम्स और AI इमेज से विवाद
ट्रंप ने सोशल मीडिया पर मीम्स और AI जनित तस्वीरें साझा कर विवाद और बढ़ा दिया. एक तस्वीर में उन्होंने खुद को “अपोकैलिप्स नाउ” फिल्म के खूनखार कर्नल किलगोर के रूप में दिखाया और लिखा कि शिकागो अब जान जाएगा कि इसे डिपार्टमेंट ऑफ वॉर क्यों कहते हैं. गवर्नर प्रित्जकर ने पलटवार करते हुए कहा कि यह कोई मजाक नहीं है. यह सामान्य नहीं है. इलिनॉयस किसी तानाशाह से डरने वाला नहीं है. विवाद बढ़ने के बाद सोमवार को ट्रंप ने नरम रुख अपनाते हुए कहा कि मैं शिकागो के लोगों की मदद करना चाहता हूं, उन्हें नुकसान नहीं पहुंचाना चाहता. केवल अपराधियों को ही चोट पहुंचेगी.
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