दुनिया से पूरी तरह कटा ईरान: 44 दिन, 1000+ घंटे और इंटरनेट ब्लैकआउट का वर्ल्ड रिकॉर्ड

Iran Internet Blackout: इस्लामाबाद में अमेरिका के साथ शांति वार्ता फेल होने के बीच ईरान ने एक वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाया है. 28 फरवरी को जंग की शुरुआत से ही ईरान में इंटरनेट ब्लैकआउट है.

Iran Internet Blackout: ईरान में इंटरनेट ब्लैकआउट के 44 दिन पूरे हो चुके हैं. यह दुनिया का सबसे लंबा इंटरनेट ब्लैकआउट है. ईरान ने सूडान का रिकॉर्ड तोड़ दिया है. 2019 में सूडान में 37 दिनों तक इंटरनेट ब्लैकआउट किया गया था. इंटरनेट मॉनिटरिंग संस्था नेटब्लॉक्स के आंकड़ों के अनुसार यह किसी भी देश का अब तक का सबसे लंबा राष्ट्रव्यापी इंटरनेट शटडाउन है. पिछले 44 दिनों से यानी 1056 घंटों से ईरान में इंटरनेट बैन है. जिससे 93 मिलियन लोग पूरी दुनिया से कट गए हैं.

नेट ब्लॉक्स ने एक्स पर शेयर किया डेटा

नेट ब्लॉक्स ने एक्स पर डेटा शेयर किया और लिखा- नेटवर्क डेटा से पता चलता है कि ईरान में इंटरनेट ब्लैकआउट अब अपने 44वें दिन में है, और यह सातवें हफ्ते में 1032 घंटे का आंकड़ा पार करते हुए लगातार जारी है. सेंसरशिप के इस लंबे दौर के मानवीय और आर्थिक प्रभाव लगातार बढ़ते जा रहे हैं. उसके आगे लिखा- एक-दूसरे से जुड़े समाज में इंटरनेट शटडाउन के मामले में यह वैश्विक रिकॉर्ड तोड़ रहा है.

जंग शुरू होते ही ईरान ने खुद को दुनिया से किया अलग

इजराइल और अमेरिका के साथ जंग की शुरुआत होने के साथ ही ईरान ने वैश्विक इंटरनेट कनेक्टिविटी से खुद को अलग कर लिया था. हालांकि ईरान ने नेशनल नेटवर्क को चालू रखा है. ईरान ने यह फैसला सुरक्षा चिंताओं के कारण लिया है. ईरान ने सैटेलाइट कनेक्शन और वीपीएन पर भी पाबंदी लगा रखी है.

इस्लामाबाद में ईरान-अमेरिका के बीच शांति वार्ता फेल

14 दिनों के सीजफायर की घोषणा के बाद ईरान और अमेरिका शांति वार्ता के लिए इस्लामाबाद पहुंचे थे. लेकिन वार्ता विफल रही. ईरान ने अमेरिका पर वार्ता विफल होने का आरोप लगाया है. ईरान लेबनान पर सीजफायर चाहता है, जबकि इजराइल और अमेरिका इसके लिए तैयार नहीं है.

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Published by: ArbindKumar Mishra

अरबिंद कुमार मिश्रा वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल में एक अनुभवी पत्रकार के रूप में कार्यरत हैं. अप्रैल 2011 से संस्थान का हिस्सा रहे अरबिंद के पास पत्रकारिता के क्षेत्र में बतौर रिपोर्टर और डेस्क एडिटर 15 वर्षों से अधिक का अनुभव है. वर्तमान में वह नेशनल और इंटरनेशनल डेस्क की जिम्मेदारी संभालने के साथ-साथ एक पूरी शिफ्ट का नेतृत्व (Shift Lead) भी कर रहे हैं. विशेषज्ञता और अनुभव अरबिंद की लेखनी में खबरों की गहराई और स्पष्टता है. उनकी मुख्य विशेषज्ञता इन क्षेत्रों में है. राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय मामले: वैश्विक राजनीति और देश की बड़ी घटनाओं पर पैनी नजर. खेल पत्रकारिता: झारखंड में आयोजित 34वें नेशनल गेम्स से लेकर JSCA स्टेडियम में हुए कई अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैचों की ग्राउंड रिपोर्टिंग का अनुभव. झारखंड की संस्कृति: राज्य की कला, संस्कृति और जनजातीय समुदायों की समस्याओं और उनकी जीवनशैली पर विशेष स्टोरीज. पंचायतनामा: ग्रामीण विकास और जमीनी मुद्दों पर 'पंचायतनामा' के लिए विशेष ग्राउंड रिपोर्टिंग. करियर का सफर प्रभात खबर डिजिटल से अपने करियर की शुरुआत करने वाले अरबिंद ने पत्रकारिता के हर आयाम को बखूबी जिया है. डिजिटल मीडिया की बारीकियों को समझने से पहले उन्होंने आकाशवाणी (All India Radio) और दूरदर्शन जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में एंकरिंग के जरिए अपनी आवाज और व्यक्तित्व की छाप छोड़ी है. शिक्षा और योग्यता UGC NET: अरबिंद मिश्रा ने यूजीसी नेट (UGC NET) उत्तीर्ण की है. मास्टर्स (MA): रांची यूनिवर्सिटी के जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा विभाग से एमए की डिग्री. ग्रेजुएशन: रांची यूनिवर्सिटी से ही मास कम्युनिकेशन एंड जर्नलिज्म में स्नातक.

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