हमास ने इन सात इजरायली बंधकों को छोड़ा, IDF और इजरायली मीडिया ने की पुष्टि

Hamas released 7 Israel Hostage: हमास ने सोमवार को सात बंधकों को ‘रेड क्रॉस’ को सौंप दिया, जो इजराइल-हमास युद्ध में युद्धविराम के तहत रिहा होने वाले पहले बंधक हैं. उनकी स्थिति के बारे में तत्काल कोई जानकारी नहीं मिल पाई है. जैसे ही इजराइली टेलीविजन चैनलों ने घोषणा की कि बंधक रेड क्रॉस को सौंप दिए गए, बंधकों के परिवार और दोस्तों में खुशी की लहर दौड़ गई. हजारों इजराइली देश भर में सरकारी टेलीविजन पर इन बंधकों की रिहाई को देख रहे हैं और तेल अवीव में एक बड़ा कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है.

Hamas released 7 Israel Hostage: हमास और इजरायल के बीच दो वर्षों से जारी युद्ध अब समाप्त हो गया है. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से पेश किए गए 20 सूत्रीय गाजा शांति योजना पर दोनों द्वारा सहमति जताई गई, जिसके पहले चरण में गाजा 20 इजरायली बंधकों को रिहा करेगा. सोमवार को हमास ने इसको साकार किया और 20 जिंदा बचे बंधकों में से सात को रिहा कर दिया है. इजरायल की I24 न्यूज के अनुसार, सातों बंधकों को रेड क्रॉस ने उत्तरी गाजा में इजरायली बलों को सौंप दिया है. यह खबर सुनते ही होस्टेजेस स्क्वायर में बंधकों के इंतजार में खड़ी इजरायली भीड़ ने जोरदार जयकारे लगाए.

हमास द्वारा सौंपे गए सात बंधकों में गाली और जीव बर्मन, मातन एंगरेस्ट, अलोन ओहेल, ओमरी मिरान, एतन मोर और गाय गिलबोआ-दलाल शामिल हैं. हिब्रू मीडिया के अनुसार, रिहा किए गए इस समूह का पहले संक्षिप्त मानसिक मूल्यांकन (मेंटल एसेसमेंट) किया जाएगा. टाइम्स ऑफ इजरायल  के अनुसार, सोमवार सुबह इजरायल  भर में लोग इकट्ठा हुए, क्योंकि हमास दो साल की कैद के बाद 20 जीवित बंधकों को रिहा करने की तैयारी कर रहा था. परिवार, दोस्त और समर्थक सड़कों, सार्वजनिक चौकों और सैन्य ठिकानों पर अपने प्रियजनों के भावनात्मक स्वागत के लिए जमा हुए.

1900 फिलिस्तीनियों के बदला 20 इजरायली बंधक

हमास ने कहा है कि इजराइल द्वारा बंदी बनाए गए 1,900 से अधिक फलस्तीनी कैदियों के बदले 20 जीवित बंधकों को रिहा किया जाएगा. जैसे ही इजराइली टेलीविजन चैनलों ने घोषणा की कि बंधक रेड क्रॉस को सौंप दिए गए, बंधकों के परिवार और दोस्तों में खुशी की लहर दौड़ गई. हजारों इजराइली देश भर में सरकारी टेलीविजन पर इन बंधकों की रिहाई को देख रहे हैं और तेल अवीव में एक बड़ा कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है. तेल अवीव के होस्टेजेस स्क्वायर और गाजा सीमा के पास दक्षिणी इजरायल  की सड़कों पर सैकड़ों लोग इकट्ठा हुए, झंडे लहरा रहे थे और बंधकों की तस्वीरें पकड़कर खड़े थे. जब खबर फैली कि बंधकों का पहला समूह जल्द ही उत्तरी गाजा में रेड क्रॉस को सौंपा जाएगा, तो माहौल भावनाओं से भरा हुआ था. अंतरराष्ट्रीय मानवीय संगठन ‘रेड क्रॉस’ की अंतरराष्ट्रीय समिति बंधकों की रिहाई की निगरानी कर रही है.

इजरायल में खुशी की लहर

टाइम्स ऑफ इजरायल  ने चैनल 12 का हवाला देते हुए बताया कि रिहा होने वाले बंधकों में से एव्यातार डेविड के दोस्तों ने इस मौके को उसकी तस्वीर वाले शर्ट पहनकर और शराब के शॉट लेकर मनाया. हाइफा के उपनगरों में मातन एंगरेस्ट और उनके परिवार के दोस्त उत्सुकता से उनका इंतजार कर रहे हैं. रिहा किए गए बंधक स्ट्रिप से सेना के एक सुविधा केंद्र री’इम के पास ले जाए जाएंगे, जहां उनका प्रारंभिक शारीरिक और मानसिक परीक्षण किया जाएगा और वे अपने परिवार से मिलेंगे.

बेंजामिन नेतन्याहू ने शेयर किया भावुक नोट

इजरायली प्रधानमंत्री कार्यालय ने सोमवार को उन बंधकों के लिए प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू और उनकी पत्नी सारा द्वारा लिखा गया व्यक्तिगत संदेश साझा किया. संदेश में लिखा था, “पूरे इजरायल  के लोगों की ओर से, आपका स्वागत है! हम आपका इंतजार कर रहे थे. हम आपको गले लगाते हैं. सारा और बेंजामिन नेतन्याहू” अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा निर्धारित समझौते के अनुसार, इजरायल  करीब 2,000 फिलिस्तीनी कैदियों को रिहा करेगा और इजरायली बंधकों के बदले गाजा को तुरंत पूर्ण सहायता उपलब्ध कराएगा, जहां कुछ क्षेत्रों में गंभीर खाद्य संकट और अकाल का सामना करना पड़ रहा है.

कब हुआ था हमला? ट्रंप का क्या है योगदान?

हमास द्वारा सात अक्टूबर, 2023 को इजराइल पर किए गए हमले के बाद इस युद्ध की शुरुआत हुई थी, जिसमें लगभग 1,200 लोग मारे गए थे और 250 अन्य को बंधक बना लिया गया था. स्थानीय स्वास्थ्य अधिकारियों का कहना है कि गाजा में युद्ध में 67,000 से अधिक फलस्तीनी मारे गए हैं. इजराइल भी गाजा से अपने 20 जीवित बंधकों की रिहाई के बाद उनके स्वागत की तैयारी में जुटा है. अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप अन्य नेताओं के साथ अपने प्रस्तावित समझौते और युद्ध के बाद की योजनाओं पर चर्चा करने के लिए क्षेत्र पहुंचने वाले हैं. युद्ध के कारण भुखमरी का सामना कर रहे गाजा में मानवीय सहायता में वृद्धि की उम्मीद हैं, जहां लाखों लोग बेघर हो गए हैं.

शवों की खोज करता रहेगा IDF

इजराइल सरकार के प्रवक्ता शोश बेड्रोसियन ने कहा कि उम्मीद है कि 20 जीवित बंधकों को एक साथ रेड क्रॉ�� को सौंप दिया जाएगा, फिर उन्हें परिवारों से मिलाने के लिए एक सैन्य अड्डे पर ले जाया जाएगा या जरूरत पड़ने पर तुरंत अस्पताल ले जाया जाएगा. ऐसी संभावना कम है कि 28 अन्य बंधकों के अवशेष एक ही समय पर वापस आ सकेंगे. बंधकों और लापता लोगों के लिए इजराइल के समन्वयक गैल हिर्श ने कहा कि एक अंतरराष्ट्रीय कार्यबल उन बंधकों का पता लगाने का काम 72 घंटे के भीतर शुरू कर देगा जिनके शव हमास नहीं सौंपता है. ‘रेड क्रॉस’ के वाहन सोमवार तड़के गाजा और इजराइल दोनों जगहों पर चलते देखे गए थे.

न्यूज एजेंसियों के इनपुट के साथ.

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उत्तर प्रदेश के भदोही जिले के रहने वाले अनन्त ने इलाहाबाद विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई पूरी की है. उन्होंने 2024 में अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत प्रभात खबर में खेल पत्रकार के रूप में की थी, जहां उन्होंने करीब एक वर्ष तक क्रिकेट और अन्य खेलों से जुड़ी खबरों को कवर किया. बाद में अपनी रुचि और विशेषज्ञता के चलते उन्होंने अंतरराष्ट्रीय डेस्क का रुख किया और आज वैश्विक राजनीति व भू-राजनीति के प्रमुख विषयों पर लेखन कर रहे हैं.

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