कराची हवाई अड्डे पर पाक तालिबान आतंकवादियों का हमला, 30 की मौत
कराची : तालिबान के आतंकवादियों ने आज यहां कराची अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के बाहर हवाई अड्डा सुरक्षा बल (एएसएफ) के प्रशिक्षण शिविर पर हमला किया लेकिन पाकिस्तानी बलों की जवाबी कार्रवाई के बाद वे भाग गये. इससे पहले कल इस हवाई अड्डे पर हुए हमले में करीब 40 लोग मारे गये थे. जिन्ना अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के पास बितई आबाद में स्थित एएसएफ अकादमी की सुरक्षा चौकी पर आतंकियों ने अंधाधुंध गोलीबारी की. यह स्थान जिन्ना अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के पास है, जहां कल सुरक्षा बलों और आतंकियों के बीच भारी झडप हुई थी.
सेना के प्रेस विभाग ने कहा कि मोटरसाइकिल पर तीन या चार हमलावर सवार थे जबकि एएसएफ प्रवक्ता ने कहा कि हमलावरों की संख्या दो थी. एएसएफ प्रवक्ता कर्नल ताहिर अली ने कहा कि ‘‘दो लोग एएसएफ :हवाई अड्डा सुरक्षा बल: की चौकी की तरफ आए और गोलीबारी शुरु कर दी. उन्होंने कहा, ‘‘कोई भी मारा नहीं गया और ना ही घायल हुआ.’’ सेना के प्रवक्ता मेजर जनरल आसिम बाजवा ने कहा कि इसमें तीन-चार हमलावर शामिल थे. उन्होंने ट्वीट किया, ‘‘तीन-चार आतंकवादी एएसएफ शिविर के पास गोलीबारी करके भाग गये. वे न तो सुरक्षा घेरा तोड पाए और ना ही अंदर प्रवेश कर पाए. उनका पीछा किया जा रहा है और स्थिति नियंत्रण में है.’’
दो दिन में दूसरी बार हवाई सेवा संचालन अस्थायी रुप से रोके जाने के बाद फिर से शुरु कर दिया गया. हमलावर सुरक्षा घेरा तोडने में नाकामयाब रहे और पास के घनी आबादी वाले आवासीय क्षेत्र में जाकर फरार हो गये. एएसएफ प्रवक्ता ने कहा कि घटना को बढा चढाकर पेश किया गया और उन्होंने इन खबरों को खारिज किया कि करीब पांच आतंकवादी आधार शिविर में घुसे और सुरक्षा बलों से गोलीबारी हुई.
अली ने कहा, ‘‘तथ्य यह है कि एक मोटरसाइकिल पर बैठकर दो लोग हमारे शिविर के गेट डी पर आज सुबह आए और वहां तैनात एएसएफ की दो महिलाकर्मियों पर गोलीबारी की लेकिन जैसे ही हमारे बल ने संक्षिप्त गोलीबारी के बाद जवाबी कार्रवाई की और मोर्चा संभाला, वे पडोस के पहलवान गोठ में भाग गये.’’ उन्होंने कहा, ‘‘पाकिस्तान सेना हेलीकाप्टर से निगरानी कर रही है और स्थिति नियंत्रण में है. जिन्ना अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा अधिकारियों के नियंत्रण में है.’’
इससे पहले एएसएफ शिविर पर हमला करने वाले आतंकवादियों की संख्या को लेकर अलग अलग खबरें आई थीं. पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय एयरलाइंस के प्रवक्ता ने कहा कि विमानों की आवाजाही का कार्यक्रम बाधित हुआ क्योंकि जिन्ना हवाई अड्डे पर यात्रियों तथा पर्यटकों को इस हमले के बाद सुरक्षित स्थानों की ओर ले जाया गया.प्रवक्ता ने कहा कि कुछ विमानों की आवाजाही प्रभावित हुई और दुबई जाने वाली एक विदेशी एयरलाइंस की फ्लाइट समय पर रवाना नहीं हो सकी लेकिन अब हवाई अड्डा और रनवे पूरी तरह से सुरक्षाबलों के नियंत्रण में है तथा संचालन सामान्य है. तहरीक ए तालिबान पाकिस्तान ने इस हमले की जिम्मेदारी ली है.
प्रवक्ता शाहिदुल्लाह शाहिद ने संदिग्ध आतंकवादियों के ठिकानों पर पाकिस्तानी हवाई हमलों के संदर्भ में कहा, ‘‘कराची में एएसएफ पर आज का हमला तिराह घाटी तथा अन्य कबाइली क्षेत्रों में निदरेष लोगों पर बमबारी का जवाब है. हम इस तरह के हमले जारी रखेंगे.’’ इसी क्षेत्र में दस आतंकवादियों के समूह ने रविवार की रात पुराने कराची हवाई अड्डे पर हमला करके उस पर कब्जा कर लिया था. इस बीच, गृह मंत्री निसार अली खान ने आज संसद को कल के हमले के बारे में जानकारी दी.
उन्होंने कहा कि सुरक्षा बलों ने हवाई अड्डे पर हमले का असरदार तरीके से जवाब दिया और अभियान केवल दो घंटे और 15 मिनट में पूरा कर दिया. उन्होंने कहा कि हमलावर न तो पाकिस्तानी थे और ना ही पडोसी देश के थे क्योंकि उनके शरीर की बनावट और चेहरे की प्रकृति अलग थी.
