राज्य के मेडिकल कॉलेजों में बढ़ायी जा सकती एमबीबीएस की सीटें

राज्य में मॉर्डन मेडिसिन की पढ़ाई करने वाले छात्रों के लिए अच्छी खबर है. पश्चिम बंगाल स्वास्थ्य विभाग ने जिलों के पांच से अधिक मेडिकल कॉलेजों में एमबीबीएस सीटों की संख्या बढ़ाने का निर्णय लिया है.

कोलकाता.

राज्य में मॉर्डन मेडिसिन की पढ़ाई करने वाले छात्रों के लिए अच्छी खबर है. पश्चिम बंगाल स्वास्थ्य विभाग ने जिलों के पांच से अधिक मेडिकल कॉलेजों में एमबीबीएस सीटों की संख्या बढ़ाने का निर्णय लिया है.

सूत्रों के अनुसार, जिन कॉलेजों में वर्तमान में एमबीबीएस सीटें 200 से कम हैं, वहां करीब 50 सीटें बढ़ायी जा सकती हैं. इनमें सबसे पहले बांकुड़ा मेडिकल कॉलेज का नाम आता है, जहां वर्तमान में 150 सीटें हैं और इनकी संख्या 50 बढ़ायी जा सकती है. इसके अलावा पुरुलिया, रामपुरहाट, कूचबिहार और जलपाईगुड़ी के मेडिकल कॉलेजों में भी सीटें बढ़ाने की योजना है. स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा बैठक में यह निर्णय लिया गया. विभाग इन प्रस्तावों को राज्य सरकार को भेजेगा, जिसके बाद सरकार इसे केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय और नेशनल मेडिकल कमीशन (एनएमसी) के पास भेजेगी. एनएमसी के प्रतिनिधि मंडल इन कॉलेजों का दौरा करके आधारभूत संरचना और संसाधनों का निरीक्षण करेगा.

इसके बाद एनएमसी की ओर से अंतिम निर्णय लिया जायेगा. देश में डॉक्टरों की कमी लगातार स्वास्थ्य सेवाओं पर दबाव डाल रही है. सरकारी अस्पतालों से लेकर मेडिकल कॉलेजों तक यह समस्या दिखाई देती है. इसे ध्यान में रखते हुए एनएमसी ने मेडिकल शिक्षा से जुड़ा महत्वपूर्ण फैसला लिया है, जिससे आने वाले वर्षों में अधिक संख्या में डॉक्टर तैयार किए जा सकेंगे.

एनएमसी ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए भी मौजूदा मेडिकल कॉलेजों में एमबीबीएस सीटों के संबंध में अस्थायी राहत जारी की है. इसके तहत मेडिकल कॉलेजों को पहले की तरह 150 सीटों की सीमा में बांधकर नहीं रखा जायेगा. योग्य कॉलेज तय मानकों को पूरा करने पर अधिक छात्रों को प्रवेश दे सकेंगे. पश्चिम बंगाल सरकार ने इस फैसले के मद्देनजर तैयारी शुरू कर दी है.

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Published by: Bijay kumar

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