अब एयर इंडिया से भिड़ीं तृणमूल सांसद डोला
कोलकाता: एयर इंडिया और शिवसेना सांसद रवींद्र गायकवाड़ प्रकरण के बाद अब तृणमूल कांग्रेस की राज्यसभा सांसद डोला सेन और एयर इंडिया स्टाफ के बीच हुई बहस नया मुद्दा बन गया है. इनकी बहस के कारण दिल्ली-कोलकाता की एयर इंडिया फ्लाइट 30 मिनट देर से उड़ान भरी. इस बार भी बहस सीट को लेकर हुई. […]
कोलकाता: एयर इंडिया और शिवसेना सांसद रवींद्र गायकवाड़ प्रकरण के बाद अब तृणमूल कांग्रेस की राज्यसभा सांसद डोला सेन और एयर इंडिया स्टाफ के बीच हुई बहस नया मुद्दा बन गया है. इनकी बहस के कारण दिल्ली-कोलकाता की एयर इंडिया फ्लाइट 30 मिनट देर से उड़ान भरी. इस बार भी बहस सीट को लेकर हुई. डोला सेन अपनी वृद्ध मां के साथ थीं. सीट को लेकर शुरू हुआ हंगामा बढ़ता गया और फ्लाइट 30 मिनट लेट हो गयी.
क्या है मामला : खबरों की मानें, तो एयर इंडिया के स्टाफ डोला सेन की मां की सीट बदलना चाहते थे, लेकिन डोला इसके लिए तैयार नहीं हुईं और मामला बढ़ गया. सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, सांसद डोला सेन के साथ उनकी मां भी थीं और उन्होंने अपनी मां को आपातकालीन दरवाजे के सामने बिठाया था. एयर इंडिया के स्टाफ ने उन्हें कहा कि आपातकालीन दरवाजे के सामने इन्हें बैठाने से इनको परेशानी होगी. लेकिन सांसद ने उनकी एक नहीं सुनी और बहस करने लगीं.
गौरतलब है कि नियमों के अनुसार इमरजेंसी एक्जिट के पास वृद्ध, दिव्यांग या असक्षम व्यक्ति को बैठने की अनुमति नहीं दी जाती है. बताया जा रहा है कि सांसद के प्रोटोकॉल का भी पालन नहीं किया गया. इस बहस के कारण दूसरे लोगों को भी काफी परेशानी हुई और फ्लाइट देर हो गयी.
सांसद थोड़े सॉफ्ट टारगेट हैं. कई बार लोग टेंपर लूज करते हैं, जैसे आपका भी होता है, सांसदों के भी होते हैं. घटना क्या है, जानने के बाद ही टिप्पणी करना ठीक होगा.
बाबुल सुप्रियो, भाजपा सांसद व केंद्रीय मंत्री
मैं भी उसी फ्लाइट में था. दुर्व्यवहार के बारे में तो जानकारी नहीं है, लेकिन मुद्दा यह है कि उन्होंने (डोला सेन ने) सहयोग नहीं किया और इस कारण फ्लाइट देर से रवाना हुई.
ओम प्रकाश मिश्रा, प्रदेश कांग्रेस महासचिव
क्या कहना है एयर इंडिया का : मामले में एयर इंडिया का बयान आया है कि बुकिंग के दौरान ह्वीलचेयर की कोई जानकारी नहीं दी गयी थी, लेकिन प्लेन में बोर्डिंग के वक्त सांसद की मां ह्वीलचेयर पर थीं.
