पहले अपना शैक्षणिक व शादी का प्रमाण पत्र दिखायें प्रधानमंत्री : मेधा

कोलकाता : संशोधित नागरिकता कानून (सीएए), राष्ट्रीय नागरिकता पंजी (एनआरसी) व राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर (एनपीआर) का कड़ा विरोध कर रहीं नमर्दा बचाओ आंदोलन की नेता व सामाजिक कार्यकर्ता मेधा पाटकर ने बुधवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि प्रधानमंत्री की पत्नी के पास मैरेज सर्टिफिकेट नहीं है. प्रधानमंत्री की शैक्षणिक […]

कोलकाता : संशोधित नागरिकता कानून (सीएए), राष्ट्रीय नागरिकता पंजी (एनआरसी) व राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर (एनपीआर) का कड़ा विरोध कर रहीं नमर्दा बचाओ आंदोलन की नेता व सामाजिक कार्यकर्ता मेधा पाटकर ने बुधवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि प्रधानमंत्री की पत्नी के पास मैरेज सर्टिफिकेट नहीं है. प्रधानमंत्री की शैक्षणिक डिग्री को अभी तक किसी ने नहीं देखा है. फिर वह लोगों से तमाम तरह के सर्टिफिकेट क्यों दिखाने को कह रहे हैं.

हम कोई कागजात नहीं दिखायेंगे. मेधा पाटकर ने पार्क सर्कस मैदान में इस कानून के खिलाफ धरने पर बैठीं महिलाओं के साथ बुधवार को मंच साझा किया और उक्त कानून के खिलाफ नारेबाजी की. पाटकर ने कहा कि सीएए, एनआरसी एवं एनपीआर असंवैधानिक हैं. देश के संविधान, एकता, अखंडता और सर्वधर्म सम्भाव को बचाने के लिए उक्त कानूनों रोकना जरूरी है.
ममता बनर्जी की सराहना की
उन्होंने सीएए और एनआरसी के विरोध को लेकर ममता बनर्जी द्वारा शुरू किये गये आंदोलन की सराहना की. उन्होंने कहा कि ममता बनर्जी ने सबसे पहले उक्त असंवैधानिक कानून के खिलाफ आवाज उठायी थी और आज पूरे देश में इसका विरोध हो रहा है. इसके लिए वह ममता बनर्जी को धन्यवाद देती हैं.
उन्होंने वाम दलों को इस मुद्दे पर तृणमूल कांग्रेस की प्रमुख ममता बनर्जी का समर्थन करने की अपील की. उन्होंने कहा कि यह देशहित का मामला है. इसमें सबको एक होकर लड़ाई करनी चाहिए. उन्होंने कहा कि उन्हें खबर मिली है कि पश्चिम बंगाल के कुछ नगरपालिका इलाके में राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर (एनपीआर) का काम कराया जा रहा है. इसे तुरंत रोका जाना चाहिए. पश्चिम बंगाल सरकार और यहां की जनता को इसका भी कड़ा विरोध करना चाहिए.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >