कोलकाता : राज्य के कई बांग्ला मीडियम स्कूल कम छात्र होने की वजह से बंद होने के कगार पर है. अभी शिक्षा के प्रति अभिभावकों में आयी जागरूकता के बाद सरकारी प्राथमिक स्कूलों का अस्तित्व भी खतरे में पड़ गया है. प्राथमिक शिक्षा विभाग के सूत्रों ने बताया कि अब ऐसे स्कूलों को चिह्नित किया जा रहा है, जहां 25 से भी कम छात्र हैं.
ऐसे स्कूलों की एक सूची बनायी जा रही है, जहां छात्र नदारद हैं या स्कूल में आ नहीं रहे हैं. राज्य के जिन स्कूलों में 25 से कम छात्र होंगे, उनकी मान्यता रद्द की जायेगी. यानि कि ऐसे स्कूलों को बंद कर दिया जायेगा. यह नियम 2019 से ही लागू होगा. राज्य के कई सरकारी अनुदान प्राप्त स्कूलों में छात्रों की संख्या नगण्य होती जा रही है
. इस तरह की शिकायत मिलने के बाद स्कूल शिक्षा विभाग ने यह कदम उठाया है. इन स्कूलों की बिल्डिंग को अन्य शैक्षणिक गतिविधियों के लिए इस्तेमाल किया जायेगा. इन स्कूलों के छात्रों को आसपास के स्कूलों में शिफ्ट किया जायेगा. जिन सरकारी या सरकारी अनुदान प्राप्त स्कूलों में मात्र 20-30 छात्र ही हैं, वहां पर इंगलिश मीडियम स्कूल खोलने की भी योजना है.
