मालदा : मालदा के कालियाचक से एक युवक टावर का काम करने के लिए कूचबिहार गया था, जहां उसने कूचबिहार कॉलेज की छात्रा को प्रेम प्रस्ताव दिया था. उसके प्रेम प्रस्ताव ठुकराने पर बदला लेने के लिए आठवीं में पढ़नेवाली उसकी छोटी बहन को नींद की दवा देकर उसे उठा लेने और बेचने की कोशिश का आरोप पिंटू शेख और उसके तीन दोस्तों पर लगा है.
जीआरपी ने इस नाबालिग छात्रा को बेहोशी की हालत में मालदा टाउन स्टेशन से बरामद किया. फिलहाल उसे मालदा के महिला सरकारी होम में रखा गया है. मालदा पुलिस इस घटना के सिलसिले में पिंटू शेख और उसके तीन शागिर्दों की तलाश कर रही है.
रविवार की सुबह अपहृत नाबालिग को लेने के लिए उसके परिवार के लोग कूचबिहार के मेखलीगंज से मालदा पहुंचे. उसको वापस लौटाने के लिए अदालत के माध्यम से जरूरी प्रक्रिया पूरी की जा रही है.
अपहृत छात्रा की मां सोफिया बेवा ने बताया कि उनका घर मेखलीगंज थाने के भोटबाड़ी इलाके में है. गुरुवार को स्थानीय एक बैंक में उनकी 15 वर्षीय बेटी कन्याश्री का पैसा निकालने गई थी. इसी दौरान उसका अपहरण कर लिया गया. वहीं उनकी 20 वर्षीय बड़ी बेटी मेखलीगंज कॉलेज में द्वितीय वर्ष की छात्रा है. उनके घर के सामने एक टावर का काम चल रहा था.
यही पर कालियाचक का पिंटू शेख और उसके साथी काम करते थे. सोफिया बेवा ने आरोप लगाया कि पिछले काफी दिनों से पिंटू शेख और उसके साथी उनकी बड़ी बेटी को परेशान कर रहे थे.
पिंटू ने प्रेम प्रस्ताव भी रखा था जिसे उनकी बड़ी बेटी ने ठुकरा दिया था. इसी का बदला लेने के लिए उनकी छोटी बेटी का अपहरण किया गया. अच्छी बात यह रही कि उनकी बेटी मानव तस्करों के हाथ में पड़ने से बच गई. इस बीच, बेटी के अपहरण की शिकायत परिवार की ओर से मेखलीगंज थाने में दर्ज करायी गई है.
अपहृत छात्रा के एक रिश्तेदार अनवर सादाद ने बताया कि मेखलीगंज से उनकी भतीजी को मुंह बंद करके एक गाड़ी में बैठाकर एनजेपी स्टेशन ले जाया गया. इसके बाद उसे नींद की दवा देकर सरायघाट एक्सप्रेस से मालदा लाया गया.
लेकिन इसी दौरान ड्यूटी पर तैनात जीआरपी कर्मियों ने जब उनकी भतीजी को बेहोश स्थिति में देखा तो उन्हें संदेह हुआ. जीआरपी को हरकत में आते देख आरोपी वहां से भाग निकले. इसके बाद जीआरपी कर्मियों ने अपहृत छात्रा को बरामद कर चाइल्ड वेलफेयर कमेटी के माध्यम से सरकारी होम में भेजने की व्यवस्था की. पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है.
