कोलकाता : सेंट्रल कोलकाता प्रेरणा फाउंडेशन ने गंगा तटों के सौंदर्यीकरण के लिए किये जा रहे अपने प्रयासों की कड़ी में एक और कड़ी जोड़ते हुए उद्योगपति हेमंत बांगड़ के सहयोग से जजेज घाट के सौंदर्यीकरण का भार अपने कंधों पर उठाया है. सोमवार को संस्था के संरक्षक हेमंत बांगड़ (ग्लोस्टर लि.) ने जजेज घाट के सौंदर्यीकरण के उद्देश्य के साथ नारियल पूजा (भूमि पूजन) संपन्न की.
प्रेरणा फाउंडेशन संस्था के अध्यक्ष हरिप्रसाद बुधिया (चेयरमैन, पैटन) ने घाटों के सौंदर्यीकरण के लिए पोर्ट ट्रस्ट के द्वारा प्रेरणा फाउंडेशन को दी गई जिम्मेदारी और सभी पदाधिकारियों से मिल रहे सहयोग के लिए ट्रस्ट का आभार जताया.
संरक्षक हेमंत बांगड़ ने इस अवसर पर नीमतल्ला शमशान घाट में भीड़ को देखते हुए दक्षिण कोलकाता में गंगा नदी के किनारे नये श्मशान घाट के लिए जमीन आवंटित करने के लिए पोर्ट ट्रस्ट से अनुरोध किया.समारोह को संबोधित करते हुए कोलकाता पोर्ट ट्रस्ट के डिप्टी चेयरमैन एस. बालाजी अरुण कुमार ने फाउंडेशन के द्वारा समाज हित में किये जा रहे प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि आशा करता हूं
सौंदर्यीकरण के बाद जजेट घाट पर्यटन शैलानियों के लिए भी आकर्षण का केंद्र होगा. उम्मीद करता हूं अन्य कॉर्पोरेट हाउस भी गंगा घाटों को विकसित करने में रुचि लेंगे. उन्होंने संस्था को नई योजना के लिए जमीन भी आंवटित कराने का भरोसा दिलाया.पोर्ट ट्रस्ट के सेकेट्री एस प्रधान ने कहा जिस तरह से प्रेरणा फाउंडेशन घाटों के सौंदर्यीकरण के लिए प्रयास कर रहा है वह प्रेरणादायी और अनुकरणीय है.
उन्होंने कहा कि फाउंडेशन अन्य घाटों के सौंदर्यीकरण की जिम्मेदारी भी अपने कंधों पर उठाये. प्रेरणा फाउंडेशन के सचिव पवन टिबड़ेवाल ने कहा निमतल्ला शमशान घाट के नवीनीकरण के सफल प्रयास के बाद अब आद्य श्राद्ध घाट, प्रसन्न कुमार टैगोर घाट, जजेज घाट के सौंदर्यीकरण का प्रयास सभी से मिले सहयोग और विश्वास का ही सुपरिणाम है.
हमारी कोशिश रहेगी कि हम कुछ अच्छा अौर बेहतर करें. उन्होंने बताया कि जजेट घाट के सौंदर्यीकरण के लिहाज से प्रस्तावित प्रकल्प का डिजाइन और लेआउट आयन सेन (आर्किटेक्ट्स मैसर्स) द्वारा तैयार किया गया है. मुख्य इंजीनियर एके जैन, समाजसेवी सांवरमल भीमसरिया, महेश जाजोदिया, रवि जाजोदिया सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति भूमि पूजन के दौरान उपस्थित रहे.
इस तरह से होगा जजेज घाट का नवीनीकरण
प्राचीन स्वरूप में ही होगी घाट की मरम्मत, नवीनीकरण, सुधार और सुंदरता के लिए किये जायेंगे प्रयास
पूजा अर्चना के लिए सुविधाओं में की जायेगी वृद्धि और सुधार की कोशिश
अच्छी रौशनी के साथ साफ- सफाई की होगी पूर्ण व्यवस्था
अतिरिक्त और बेहतर रूप से की जायेगी बैठने की व्यवस्था
पेयजल की होगी व्यवस्था
कपड़े बदलने के लिए होगा रूम
गंगा जल शॉवर के साथ मिलेगी स्नान की सुविधा
24 घंटे घाट को स्वच्छ रखने के साथ सिक्युरिटी की होगी व्यवस्था
कूड़े-कचरे के साथ फालतू सामान डालने के लिए लगेंगे डस्टबिन
सुरक्षा का भी होगा पुख्ता इंतजाम
