आशाकर्मियों का फिर प्रदर्शन, 21 को बड़े आंदोलन की चेतावनी
प्रदर्शन के दौरान आशा कर्मियों ने बताया कि अभी भी तीन से चार महीने का मासिक इंसेंटिव बकाया है, जिसका नियमित भुगतान नहीं हो रहा है
आसनसोल निगम मुख्यालय के पास दिया धरना आसनसोल. वेतन वृद्धि और विभिन्न मांगों के समर्थन में आशाकर्मी बीते 23 दिसंबर से बेमियादी हड़ताल पर हैं. शुक्रवार को आशाकर्मियों ने एक बार फिर आसनसोल नगर निगम में प्रदर्शन किया. आशाकर्मियों की प्रमुख मांग है कि उनका मासिक वेतन 15 हजार रुपये किया जाए और किसी आशा कर्मी की मृत्यु होने पर उसके परिजन को पांच लाख रुपये का मुआवजा दिया जाये. प्रदर्शन के दौरान आशा कर्मियों ने बताया कि अभी भी तीन से चार महीने का मासिक इंसेंटिव बकाया है, जिसका नियमित भुगतान नहीं हो रहा है. उन्होंने मांग की कि इंसेंटिव की राशि हर महीने समय पर दी जाये. आशाकर्मी शहनाज बानो ने कहा कि 23 दिसंबर से आंदोलन जारी है और इससे पहले कोलकाता के स्वास्थ्य भवन में भी धरना प्रदर्शन किया गया था. वहां मौखिक रूप से मांगें पूरी करने का आश्वासन मिला, लेकिन अब लिखित आश्वासन की मांग की जा रही है. आशा कर्मियों ने स्पष्ट किया कि यदि मांगों पर ठोस कार्रवाई नहीं हुई तो 21 जनवरी को इन्हीं मांगों को लेकर स्वास्थ्य भवन में बड़े पैमाने पर आंदोलन किया जाएगा. उन्होंने कहा कि लंबे समय से उपेक्षा के कारण आशा कर्मियों में गहरी नाराजगी है और जब तक मांगें पूरी नहीं होतीं, आंदोलन जारी रहेगा.
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