बंगाल चुनाव 2026: आसनसोल में DM और CP ने किया रूट मार्च, बोले- डरें नहीं, खुलकर करें मतदान

Asansol DM CP Root March: आसनसोल उत्तर विधानसभा क्षेत्र में DM, CP और CAPF के अधिकारियों ने संयुक्त दौरा कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया. जीटी रोड पर रूट मार्च और संवेदनशील बूथों की समीक्षा के साथ मतदाताओं को भयमुक्त मतदान का भरोसा दिलाया गया.

Asansol DM CP Root March| आसनसोल, संतोष विश्वकर्मा/राम कुमार : पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के मद्देनजर औद्योगिक नगरी आसनसोल में प्रशासनिक अधिकारी रेस हो गये हैं. मतदाताओं के मन से डर निकालने और शांतिपूर्ण मतदान सुनिश्चित करने के लिए गुरुवार को जिला दंडाधिकारी (DM), पुलिस आयुक्त (CP) और केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (CAPF) के अधिकारियों ने संयुक्त रूप से आसनसोल उत्तर विधानसभा क्षेत्र का सघन दौरा किया.

अधिकारियों ने आम लोगों से किया सीधा संवाद

अधिकारियों की इस टीम ने अपर चेलिडांगा और उत्तर थाना क्षेत्र के विभिन्न इलाकों का निरीक्षण कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया. अधिकारियों ने आम लोगों से सीधा संवाद स्थापित किया. उनसे कहा कि चुनाव के दौरान डरें नहीं, खुलकर करें मतदान. आम लोगों की सुरक्षा के लिए केंद्रीय बलों के जवानों के साथ-साथ स्थानीय पुलिस के जवान भी तैनात रहेंगे.

Asansol DM CP Root March: अपर चेलिडांगा में DM-CP ने मतदाताओं को दिया भरोसा

निरीक्षण के दौरान जिला दंडाधिकारी और पुलिस आयुक्त ने स्थानीय निवासियों से बातचीत की. अधिकारियों ने स्पष्ट संदेश दिया कि चुनाव आयोग हर नागरिक को सुरक्षित और निष्पक्ष माहौल में मतदान करने का अधिकार देता है. अधिकारियों ने कहा कि किसी भी दबाव, प्रलोभन या डर से दूर रहें, अपने मताधिकार का प्रयोग जरूर करें. उत्तर थाना क्षेत्र में स्थानीय निवासियों के साथ एक विशेष बैठक भी की.

बंगाल की खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

असामाजिक तत्वों पर रहेगी नजर, टोल फ्री नंबर जारी

प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि मतदान में बाधा डालने वाले असामाजिक तत्वों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जायेगी. मतदाताओं को जागरूक किया गया कि यदि कोई डराने की कोशिश करे, तो तुरंत पुलिस को सूचित करें. इसके लिए एक समर्पित टोल फ्री नंबर भी जारी किया गया है. पूरे क्षेत्र में सुरक्षा के कड़े इंतजाम हैं. CAPF के जवान लगातार गश्त कर रहे हैं, ताकि कोई भी अप्रिय घटना न हो.

इसे भी पढ़ें : मोदी सरकार पर बरसीं ममता बनर्जी- महिला आरक्षण और परिसीमन को जोड़ना भारत बांटने की साजिश

संवेदनशील बूथों का निरीक्षण और GT रोड पर रूट मार्च

केवल प्रशासनिक दौरा ही नहीं, बल्कि जमीन पर सुरक्षा बलों की मौजूदगी भी बढ़ा दी गयी है. केंद्रीय बलों के जवानों ने आसनसोल उत्तर के सभी संवेदनशील बूथों का दौरा कर सुरक्षा इंतजामों की गहन समीक्षा की. आसनसोल के मुख्य मार्ग जीटी रोड पर केंद्रीय बलों द्वारा ‘रूट मार्च’ किया गया. इस मार्च का मुख्य उद्देश्य जनता में विश्वास पैदा करना और उपद्रवियों को कड़ा संदेश देना है.

इसे भी पढ़ें

चुनाव या ‘बंगाल गॉट टैलेंट’? कोई तल रहा पकौड़े, कोई मांज रहा बर्तन, वोटर को रिझाने के लिए हो रहे क्या-क्या जतन?

संदेशखाली ममता बनर्जी के लिए सबसे बड़ी खतरे की घंटी? जानिए 2026 का समीकरण और जमीनी हकीकत

ममता बनर्जी से दूर मुस्लिम वोट बैंक? असम-बिहार और महाराष्ट्र के नतीजों ने बढ़ायी टेंशन, जानें 160 सीटों का समीकरण

ममता बनर्जी की 1500 वाली ‘लक्ष्मी भंडार’ को चुनौती देगा भाजपा का 3000 रुपए वाला ‘मातृशक्ति भरोसा कार्ड’

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Mithilesh Jha

मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 30 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है. उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवर करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस्ड हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ की भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है. मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >