UP Weather Update: यूपी में बारिश कम होने से धान की रोपाई पर असर पड़ा है. पानी बरसने की आस में किसानों की धान की नर्सरी खेतों में ही सूख रही है. जो किसान सक्षम थे, उन्होंने पंप से खेतों में पानी लगाकर धान की रोपाई कर ली है. लेकिन तीन-तीन बार पानी लगाने से फसल की लागत बढ़ रही है. एक किसान बताते हैं कि महंगा डीजल होने के कारण पंप से खेत में पानी भरना महंगा पड़ रहा है. लेकिन धान की नर्सरी को खेतों में सूखते देखना भी अच्छा नहीं लग रहा है. गौरतलब है के धान की रोपाई का सबसे मुफीद समय 15 जून से 15 जुलाई माना जाता है. लेकिन यूपी में जून में सामान्य से 70 फीसदी कम बारिश हुई है. वहीं जुलाई भी लगभग सूखी जा रही है.
Weather Update: यूपी में नहीं बरसा पानी, धान की रोपाई प्रभावित, किसान निराश
यूपी में इस बार मानसून लेट हो गया है. इससे किसानों को सबसे ज्यादा दिक्कत हो रही है. समय से पानी न बरसने के कारण उनकी फसलों की बोआई प्रभावित हो गई है. सबसे ज्यादा धान की रोपाई प्रभावित हो गई है. धान की नर्सरी खेतों में सूख गई है. किसान अभी भी बारिश का इंतजार कर रहा है.
