चाईबासा नगर पर्षद उम्मीदवारों को मिले चुनाव चिह्न
जंगल में भटक रहे नक्सलियों की बन रही कुंडली
चाईबासा : एक-एक कर लगातार नक्सली पकड़े जा रहे हैं. जंगल में बाहर से गोली-बारूद की सप्लाई नक्सलियों तक नहीं हो पा रही है. पुलिस इस मौके का भरपूर फायदा उठाकर
माओवादियों के खात्मे का प्लान तैयार कर चुकी है. पुलिस ने अपनी रणनीति में फेरदबदल करते हुए गिरफ्तार नक्सलियों पर दबिश बढ़ाना शुरू कर दिया है. गिरफ्तार नक्सलियों से उसके बाहर के साथियों की कुंडली लिखवायी जा रही है. इसके आधार पर पुलिस नक्सलिसों के खिलाफ अन्य फोर्स से मिलकर साझा अभियान चलायी जायेगी. नक्सलियों की हरकत पर पुलिस फोकस करेगी. इस हरकत के नक्सली कहां-कहां डेरा जमा सकते हैं या कहां-कहां जा सकते हैं, इस पर पुलिस का ध्यान रहेगा.
शराब पीकर बेखौफ हो जाते हैं नक्सली
आमतौर पर शराब का सेवन करने के बाद नक्सली अपना आपा खो देते हैं. शराब के नशे में वह गांव में चले आते हैं. कभी-कभी पुलिस के पास भी आ धमकते हैं. पुलिस के पास पुलिस के पास नक्सलियों की पूरा ब्योरा नहीं होने के कारण वह आसानी से निकल भी जाते हैं. पुलिस पास अब तमाम नक्सलियों की सूचना होने पर, वे आसानी से ऐसा नहीं कर पायेंगे.
नये फॉर्मूले पर दबोचा जा चुका है संदीप
पुलिस अपनी नयी रणनीति का ट्रायल सैक सदस्य संदीप की गिरफ्ताारी में कर चुकी है. संदीप की हरकत व उसकी आदतों का पुलिस ने डाटा तैयार किया था. उसकी फुटबॉल खेलने व देखने की आदत, बैखौफ मिजाज, बाइक की सवारी की आदत आदि की जानकारी पुलिस ने इकट्ठा कर उस पर नजर रखना शुरू किया था. पुलिस की इस रणनीति की जद में संदीप फुटबॉल मैच देखते हुए गिरफ्तार हुआ था.
