सिमडेगा : रामरेखाधाम में कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर लगनेवाले चार दिवसीय रामरेखाधाम मेला लोगों का आगमन शुरू हो गया. रविवार को लोगों ने पूजा- अर्चना कर प्रसाद ग्रहण किया. संत महात्माओं का प्रवचन एवं सत्संग भी हुआ. रात में धार्मिक चलचित्र का प्रदर्शन किया गया. इस बार रामरेखाधाम मेला समिति द्वारा विशेष तैयारी की गयी है. प्रशासन द्वारा भी विशेष सुविधाएं उपलब्ध करायी गयी हैं.
भीड़ होने की संभावना को देखते हुए विशेष व्यवस्था की गयी है. मंदिर परिसर में पूजा के लिए विशेष व्यवस्था है. मेले में झारखंड, छत्तीसगढ़, अोड़िशा सहित अन्य राज्यों से भी हजारों की संख्या में श्रद्धालु शामिल होते हैं. सोमवार को अत्याधिक भीड़ होने की संभावना है. यहां पर श्रद्धालु बाण गंगा में स्नान कर भगवान का दर्शन कर पूजा करते हैं. श्रीराम के वनवास गमन के प्रमाण चिह्नों का दर्शन कर संत महात्माओं का आशीर्वचन भी सुनते हैं. 14 नवंबर को प्रात: आठ बजे नाम प्रारंभ, संध्या छह बजे से संत महात्माओं का प्रवचन एवं सत्संग, धार्मिक चलचित्र का प्रदर्शन एवं नागपुरी सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया जायेगा. 15 नवंबर को प्रात: आठ बजे नाम समाप्त, हवन, पूजन, विसर्जन, दोपहर 12 बजे भंडारा का आयोजन किया जायेगा.
संतों की टोली भी है मौजूद : रामरेखाधाम मेला में संत महात्माओं की टोली भी पहुंच चुकी है. इसमें संत त्रिवेणी स्वामी, संत दुर्गा दास, संत रामकरण दास, संत भोला दास, संत राम मनोहर दास, संत हरि दास, संत रामगहन दास, संत मुनी दास, संत ठाकुर दास, संत वैकुंठ दास, संत तुलसी दास एवं संत गोविंद दास शामिल हैं. उक्त संत महात्माओं द्वारा प्रवचन एवं सत्संग भी किया जा रहा है.
मेले का आनंद उठा रहे हैं लोग : रामरेखाधाम मेला में विभिन्न प्रकार की दुकानें भी लगायी गयी हैं. विभिन्न प्रकार के खेल तमाशे वाले भी आये हुए हैं. रामरेखाधाम मंदिर में पूजा के अलावा लोग मेले में जम कर खरीदारी भी कर रहे हैं.
