सिमडेगा. झारखंड हाईकोर्ट के निर्देश पर सोमवार को सिमडेगा मंडल कारा का औचक निरीक्षण किया गया. निरीक्षण का नेतृत्व प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह जिला विधिक सेवा प्राधिकार के अध्यक्ष राजीव कुमार सिन्हा ने किया. उनके साथ सीजेएम निताशा बारला, डालसा सचिव मरियम हेमरोम, एसडीओ प्रभात रंजन ज्ञानी, सहायक लोक अभियोजक निशि कच्छप, चीफ एलएडीसीएस प्रभात कुमार श्रीवास्तव, डिप्टी एलएडीसीएस ब्रीखभान अग्रवाल समेत अन्य अधिकारी मौजूद थे. निरीक्षण के दौरान अधिकारियों की टीम ने जेल के वार्ड, रसोई घर, भोजनालय और बंदियों को उपलब्ध करायी जा रही सुविधाओं की गहन जांच की. पीडीजे ने स्वयं बंदियों के लिए तैयार भोजन का स्वाद लेकर उसकी गुणवत्ता परखी, जो निर्धारित मानकों के अनुरूप पायी गयी. भोजनालय की साफ-सफाई और खाद्य सामग्री के भंडारण की भी बारीकी से जांच की गयी. टीम ने वार्डों में जाकर बंदियों के रहने की व्यवस्था, साफ-सफाई, रोशनी, पेयजल और शौचालय की स्थिति का जायजा लिया. बंदियों के सामान की जांच में किसी प्रकार की आपत्तिजनक वस्तु नहीं मिली. निरीक्षण के दौरान बंदियों से संवाद कर उनकी समस्याएं सुनी गयीं और उन्हें उपलब्ध कानूनी सहायता की जानकारी भी दी गयी. पीडीजे ने जेल प्रशासन को निर्देश दिया कि बंदियों की नियमित स्वास्थ्य जांच सुनिश्चित की जाये, ताकि उन्हें समय पर समुचित इलाज मिल सके. साथ ही सुरक्षा व्यवस्था, सीसीटीवी निगरानी और आपातकालीन प्रबंधन प्रणाली की भी समीक्षा की गयी. जेल प्रशासन ने बताया कि महिला बंदी वार्ड का निर्माण कार्य प्रगति पर है. वहीं बिजली आपूर्ति को दुरुस्त करते हुए इलेक्ट्रिक पैनल ठीक कर दिया गया है, जिससे नियमित विद्युत आपूर्ति बहाल हो गयी है. पुरुष बंदी वार्ड के लिए भवन विभाग को पत्र भेजा गया है, ताकि आवश्यक सुधार कार्य शीघ्र कराया जा सके.
बंदियों की सुविधाओं और सुरक्षा व्यवस्था की हुई जांच
सिमडेगा मंडल कारा का औचक निरीक्षण
