खरसावां में पुलिस और आम जनता के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने तथा लोगों को कानून के प्रति जागरूक बनाने के उद्देश्य से आमदा ओपी पुलिस ने तेलाईडीह पंचायत अंतर्गत लोसोदिकी गांव में जनजागरूकता अभियान चलाया. अभियान के दौरान ग्रामीणों को महिला सुरक्षा, बाल संरक्षण, साइबर अपराध, सड़क सुरक्षा और विभिन्न हेल्पलाइन सेवाओं की जानकारी देकर जागरूक किया गया.
पुलिस-जनता के बेहतर संवाद से अपराधों पर लगेगी रोक
पुलिस समाज का ही हिस्सा, हर समस्या में करेगी सहयोग आमदा ओपी प्रभारी राम रेखा पासवान ने कहा कि पुलिस समाज का ही अभिन्न हिस्सा है और लोगों की सुरक्षा तथा सहायता के लिए हमेशा तत्पर रहती है. उन्होंने ग्रामीणों से किसी भी तरह की आपराधिक गतिविधि, सामाजिक समस्या अथवा संदिग्ध घटना की सूचना तत्काल आमदा ओपी को देने की अपील की. उन्होंने कहा कि पुलिस और जनता के बीच बेहतर संवाद से ही अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण संभव है.
महिला सुरक्षा, पॉक्सो और साइबर ठगी पर ग्रामीणों को किया जागरूक
महिला सुरक्षा से लेकर साइबर ठगी तक दी गई जानकारी अभियान के दौरान ग्रामीणों को पॉक्सो एक्ट, बाल विवाह निषेध अधिनियम, महिला सुरक्षा संबंधी कानून, नशा मुक्ति अभियान, चाइल्ड हेल्पलाइन 1098, आपातकालीन सेवा डायल-112 तथा साइबर ठगी से बचाव के लिए हेल्पलाइन 1930 की विस्तार से जानकारी दी गई. लोगों को ऑनलाइन ठगी से सतर्क रहने तथा किसी भी साइबर अपराध की तत्काल सूचना पुलिस को देने की सलाह दी गई.
ग्रामीणों से कानून पालन और समय पर सूचना देने की अपील
अफवाहों से सतर्क रहने की अपील ओपी प्रभारी ने बच्चा चोरी जैसी अफवाहों पर विश्वास नहीं करने की अपील करते हुए कहा कि किसी भी अपुष्ट सूचना को सोशल मीडिया पर साझा करने से बचें. यदि कोई संदिग्ध गतिविधि दिखाई दे तो इसकी जानकारी तत्काल पुलिस को दें. उन्होंने कहा कि अफवाहें सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने का कारण बन सकती हैं. सड़क सुरक्षा और गुड सेमेरिटन कानून की भी दी जानकारी ग्रामीणों को सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करने के लिए प्रेरित किया गया. साथ ही 'गुड सेमेरिटन' कानून की जानकारी देते हुए बताया गया कि सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्ति की मदद करने वाले नागरिकों को कानूनी संरक्षण प्राप्त है. ऐसे में लोग बिना किसी भय के दुर्घटना पीड़ितों की सहायता के लिए आगे आएं. ग्रामीणों ने लिया जागरूक रहने का संकल्प कार्यक्रम में बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे. ग्रामीणों ने पुलिस द्वारा दी गई जानकारियों को उपयोगी बताते हुए कानून का पालन करने और किसी भी प्रकार की सूचना समय पर पुलिस तक पहुंचाने का संकल्प लिया.
