मजहब को अपनाने की अाजादी संवैधानिक है : एमएस बेचन

साहिबगंज : किसी भी धर्म अथवा मजहब को अपनाने की आजादी संवैधानिक है. जाति अपरिवर्तन शील है तो सिर्फ आदिवासी जाति के संबंध में ईसाई या अन्य किसी धर्म को मानने के परिप्रेक्ष्य में जाति के लाभ से वंचित करने की महाधिवक्ता झारखंड की राज्य सरकार को दी गयी सलाह या आदिवासियों का उत्पीड़न है. […]

साहिबगंज : किसी भी धर्म अथवा मजहब को अपनाने की आजादी संवैधानिक है. जाति अपरिवर्तन शील है तो सिर्फ आदिवासी जाति के संबंध में ईसाई या अन्य किसी धर्म को मानने के परिप्रेक्ष्य में जाति के लाभ से वंचित करने की महाधिवक्ता झारखंड की राज्य सरकार को दी गयी सलाह या आदिवासियों का उत्पीड़न है. यह बातें समाजसेवी सह पूर्व झामुमो नेता एमएस बेचन ने प्रेस बयान जारी कर कही है. कहा कि सलाह में महाधिवक्ता अजीत कुमार द्वारा आदिवासी जाति के अलावा अनुसूचित जाति अथवा पिछड़ी जाति के संदर्भ में या उच्च जातीयों को इससे वंचित रखा गया है.

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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