रांची: जल जीवन मिशन (जेजेएम) की हर घर नल जल योजना की समीक्षा को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में एक और दो सितंबर को नयी दिल्ली में सभी राज्यों की उच्चस्तरीय बैठक होगी. बैठक में योजना के क्रियान्वयन, प्रगति और राज्यों की समस्याओं पर विस्तार से विचार-विमर्श किया जायेगा.
बैठक में झारखंड का प्रतिनिधित्व पेयजल एवं स्वच्छता मंत्री योगेंद्र प्रसाद करेंगे. मंत्री 30 अगस्त को दिल्ली के लिए रवाना होंगे. राज्य सरकार इस बैठक में जल जीवन मिशन के तहत केंद्र से बकाया 6,500 करोड़ रुपये जारी करने की मांग प्रमुखता से रखेगी.
जेजेएम-2.0 के तहत 2,500 करोड़ देने पर बनी थी सहमति
मंत्री योगेंद्र प्रसाद ने बताया कि पिछले दिनों जल शक्ति मंत्रालय के साथ जेजेएम-2.0 को लेकर एमओयू हुआ था. इसके तहत चालू वित्तीय वर्ष में केंद्र सरकार की ओर से झारखंड को 2,500 करोड़ रुपये देने पर सहमति बनी थी. हालांकि, सहमति के बावजूद अब तक राज्य को चालू वित्तीय वर्ष में केवल 116 करोड़ रुपये ही प्राप्त हुए हैं.
मंत्री ने कहा कि केंद्र से राशि समय पर नहीं मिलने के कारण जल जीवन मिशन की योजनाओं की गति प्रभावित हो रही है. ऐसे में दिल्ली में होने वाली बैठक के दौरान प्रधानमंत्री और केंद्रीय जल शक्ति मंत्री के समक्ष बकाये राशि का मुद्दा मजबूती से उठाया जायेगा.
यह भी पढ़ें: कोडरमा: गांवों में बेहतर इलाज की राह आसान होगी, सतगावां में दो उप-स्वास्थ्य केंद्रों का शिलान्यास
हर ग्रामीण परिवार तक नल से जल पहुंचाने पर जोर
राज्य सरकार का लक्ष्य जल जीवन मिशन के माध्यम से झारखंड के हर ग्रामीण परिवार तक नल से स्वच्छ जल पहुंचाना है. मंत्री ने कहा कि केंद्र से बकाये 6,500 करोड़ रुपये जल्द जारी होने से लंबित योजनाओं को गति मिलेगी और ग्रामीण क्षेत्रों में नल से जल पहुंचाने का काम तेजी से पूरा किया जा सकेगा.
