Jharkhand High Court: झारखंड हाइकोर्ट ने निसार हसन उर्फ निशु की ओर से दायर क्रिमिनल रिट याचिका पर फैसला सुनाया. कोर्ट ने राहत देने से इनकार करते हुए उसकी याचिका को खारिज कर दिया. साथ ही उसके खिलाफ झारखंड अपराध नियंत्रण अधिनियम (सीसीए)-2002 के तहत जारी प्रिवेंटिव डिटेंशन के आदेशों में हस्तक्षेप करने से इनकार कर दिया. कोर्ट ने कहा कि सिर्फ इस तथ्य से कि प्रार्थी को छह आपराधिक मामलों में जमानत मिल चुकी है, प्रिवेंटिव डिटेंशन का आदेश स्वतः अवैध नहीं हो जाता.
छह मामलों में जमानत के बावजूद हिरासत
प्रार्थी की दलील थी कि उसके खिलाफ दर्ज सभी छह आपराधिक मामलों में उसे नियमित जमानत मिल चुकी है. इसके बावजूद हिरासत का आदेश जारी किया गया, जो बिना स्वतंत्र विवेक के पारित किया गया है. कोर्ट ने अपने फैसले में कहा है कि उपलब्ध दस्तावेजों के आधार पर सक्षम प्राधिकारी ने प्रार्थी निसार हसन के खिलाफ कानून के तहत असामाजिक तत्व मानते हुए पर्याप्त संतुष्टि के बाद हिरासत का आदेश पारित किया था. उसके खिलाफ छह आपराधिक मामले और 10 सनहा दर्ज होने की बात सामने आयी. आपराधिक मामलों में हत्या, हत्या के प्रयास, रंगदारी, आर्म्स एक्ट व विस्फोटक पदार्थ अधिनियम से जुड़े आरोप शामिल हैं.
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क्या था मामला?
जमशेदपुर निवासी प्रार्थी निसार हसन के खिलाफ सात अक्टूबर 2025 को पूर्वी सिंहभूम के जिला दंडाधिकारी सह उपायुक्त ने सीसीए की धारा 12(1) व 12(2) के तहत प्रिवेंटिव डिटेंशन का आदेश जारी किया था. बाद में 19 दिसंबर 2025, 19 मार्च 2026 तथा 25 जून 2026 को हिरासत की अवधि तीन-तीन माह के लिए बढ़ायी गयी थी. राज्य सरकार के स्तर से भी इन आदेशों की पुष्टि विभिन्न तिथियों में की गयी है. सरकार की ओर कहा गया कि निसार हसन आदतन अपराधी है और व्यापारियों, ठेकेदारों व बिल्डरों से रंगदारी वसूलने में उसकी भूमिका रही है. कई आपराधिक मामले दर्ज हैं. यह भी दावा गया किया कि जेल में रहने के दौरान भी वह अपने सहयोगियों के माध्यम से संगठित आपराधिक गतिविधियां संचालित कर रहा था और रंगदारी वसूली जा रही थी. उसके जेल से बाहर आने पर इलाके में विधि-व्यवस्था व सार्वजनिक शांति प्रभावित होने की आशंका थी. कांड संख्या 39/2024 के संबंध में आरोपी निसार पर विदेश से आपराधिक गतिविधि संचालित करने का आरोप था. गृह मंत्रालय ने उसका वीजा रद्द कर लुक आउट सर्कुलर जारी किया था. उसे 20 मई 2025 को नयी दिल्ली स्थित इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से गिरफ्तार किया गया था.
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