डकरा: सरस्वती शिशु विद्या मंदिर डकरा में बुधवार को गुरु पूर्णिमा उत्सव धूमधाम से मनाया गया.शुभारंभ विद्यालय के प्रधानाचार्य, आचार्यों एवं अतिथियों द्वारा भारत माता, मां सरस्वती तथा परम पूजनीय ओम तथा महर्षि वेदव्यास के चित्र पर दीप प्रज्ज्वलन एवं पुष्पार्चन के साथ किया गया.
प्रधानाचार्य गोपाल मिस्त्री विश्वकर्मा ने गुरु पूर्णिमा के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि भारतीय संस्कृति में गुरु का स्थान सर्वोच्च माना गया है. गुरु ही ज्ञान के माध्यम से व्यक्ति के जीवन को सही दिशा प्रदान करते हैं तथा उसके व्यक्तित्व का निर्माण करते हैं.
उन्होंने विद्यार्थियों से गुरुजनों के प्रति सम्मान, अनुशासन एवं संस्कारों का पालन करने का आह्वान किया. कार्यक्रम में विद्यालय के छात्र-छात्राओं ने गुरु वंदना, स्वागत गीत, प्रेरणादायक भाषण, कविता पाठ तथा सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से गुरु-शिष्य परंपरा की महत्ता को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया.
विद्यार्थियों ने अपने गुरुजनों का तिलक लगाकर एवं पुष्प अर्पित कर उनका आशीर्वाद प्राप्त किया.विद्यालय प्रबंधकर्णी समिति के उपाध्यक्ष अवधेश कुमार सिंह और आचार्य गौतम कुमार शर्मा ने भी गुरु पूर्णिमा की परंपरा, महर्षि वेदव्यास के योगदान तथा भारतीय संस्कृति में गुरु के महत्व पर अपने विचार व्यक्त किए.समापन सभी विद्यार्थियों एवं शिक्षकों द्वारा राष्ट्र एवं समाज की उन्नति के लिए संकल्प लेने तथा गुरुजनों के आशीर्वचन के साथ हुआ.
