राज्य के 24 थाना क्षेत्रों में होता है सबसे अधिक नशे का कारोबार, चतरा टॉप पर
राज्य के विभिन्न जिलों के 24 थानों में नशे (ब्राउन शुगर, अफीम, गांजा, डोडा या दूसरे मादक पदार्थ) का कारोबार सबसे अधिक होता है. इस सूची में चतरा जिले का सदर थाना क्षेत्र पहले पायदान पर है.
By Prabhat Khabar News Desk | Updated at :
अमन तिवारी, रांची :
राज्य के विभिन्न जिलों के 24 थानों में नशे (ब्राउन शुगर, अफीम, गांजा, डोडा या दूसरे मादक पदार्थ) का कारोबार सबसे अधिक होता है. इस सूची में चतरा जिले का सदर थाना क्षेत्र पहले पायदान पर है. वहीं, राजधानी का सुखदेवनगर थाना क्षेत्र 12वें, लोअर बाजार थाना क्षेत्र 19वें और नामकुम थाना क्षेत्र 22वें नंबर पर है. एनडीपीएस एक्ट के तहत दर्ज किये गये केसों का थानावार विश्लेषण करने पर इसकी पुष्टि होती है. अगर इन इलाके में विशेष रूप से अभियान चलाकर कार्रवाई की जाये तो नशा के कारोबार पर प्रभावी तरीके से नियंत्रण पाया जा सकता है. बता दें कि झारखंड के कई जिलों में बड़े पैमाने पर अफीम की खेती होती है. इस कारण राज्य में बड़े पैमाने पर नशे का कारोबार होता है. वर्ष 2019 से लेकर 2023 तक राज्य के सभी जिलों में नशीले और मादक पदार्थ की बरामदगी को लेकर एनडीपीएस एक्ट के तहत कुल 2396 केस दर्ज किये गये. थानावार दर्ज किये गये केस के विश्लेषण से यह स्पष्ट है कि राज्य के 24 थाना ऐसे हैं, जिनके क्षेत्र में ब्राउन शुगर, अफीम, गांजा, डोडा या दूसरे मादक पदार्थ की बरामदगी को लेकर सबसे अधिक केस दर्ज किये गये. इससे स्पष्ट है कि इन थाना क्षेत्रों में सबसे अधिक नशे का कारोबार होता है. इस सूची में चतरा जिला टॉप पर है. यहां उक्त अवधि में एनडीपीएस एक्ट के तहत सबसे अधिक 506 यानी 21 प्रतिशत केस दर्ज किये गये हैं.
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