रांची: शहर में अवैध रुप से लगाये गये होर्डिगों की ऑन स्पॉट जांच बुधवार को कचहरी चौक से शुरू होगी. निगम सीइओ अभियान के पहले दिन इसमें उपस्थित रहेंगे. इधर निगम सीइओ मनोज कुमार ने मंगलवार को सभी विज्ञापन एजेंसियों को फोन करके निर्देश दिया कि वे भी इस जांच अभियान में उपस्थित रहें ताकि जो होर्डिग वैध हैं उन्हें रहने दिया जाये और जो बिना परमिशन के हैं उन्हें हटाया जा सके.
पांच हजार से अधिक होर्डिग में मात्र 245 ही हैं रजिस्टर्ड
नगर निगम क्षेत्र में वैसे तो पांच हजार से अधिक होर्डिग हैं. परंतु निगम में निबंधित होर्डिगों की संख्या मात्र 245 है. इन 245 होर्डिग से निगम को सालाना 70 लाख रुपये राजस्व मिलता है. बाकी के चार हजार से अधिक अवैध रुप से लगाये गये होर्डिग की राशि विज्ञापन एजेंसियों के जेब में जाती है. विज्ञापन एजेंसियों के इस गोरख धंधे से निगम को प्रतिवर्ष 20 करोड़ से अधिक के राजस्व का नुकसान उठाना पड़ रहा है.
ऐसे होगी जांच
नगर निगम के अभियंता सबसे पहले संबंधित जगहों के होर्डिग की गिनती करेंगे. फिर उस होर्डिग की संख्या का मिलान निगम के रजिस्टर में दर्ज संख्या से किया जायेगा. मिलान में अगर होर्डिग की संख्या अधिक होगी तो अवैध रूप से लगाये गये होर्डिग की जानकारी मिल जायेगी. ऐसे होर्डिग को तत्काल हटाया जायेगा. फिर उसे ट्रैक्टर में लाद कर कोतवाली थाना भेज दिया जायेगा.
