किंग लैंड एकेडमी की संचालिका व उसके पुत्र की हत्या का मामला
रांची : किंग लैंड एकेडमी की संचालिका आरती देवी उर्फ छवि (50 वर्ष) और उनके गोद लिये पुत्र की हत्या में पुलिस द्वारा अपनों का हाथ होने की आशंका व्यक्त की गयी है. घर से कई महत्वपूर्ण कागजात भी गायब हैं. दोनों की हत्या घर के बेडरूम में की गयी है.
अपराधियों ने अलमारी में रखे कई महत्वपूर्ण कागजात भी बिखेर दिये हैं. ऐसा प्रतीत होता है कि संपत्ति का कागजात लेने के लिए आलमारी के कागजात को इधर-उधर बिखेर दिया गया है. पुलिस ने आशंका व्यक्त की है हत्या में किसी अपने का हाथ है, क्योंकि आरती देवी किसी भी अनजान व्यक्ति को घर के अंदर नहीं आने देती थी. ऐसे में पूरी तरह परिचित व्यक्ति या किसी रिश्तेदार ने ही घर में घुस कर उनकी हत्या की है. स्कूल के बाहर सीसीटीवी कैमरा भी लगा हुआ है.
लेकिन उसका मॉनिटर व डाटा बेस रिकॉर्डर (डीबीआर) भी अपराधी अपने साथ ले गये हैं. आरती देवी का ससुराल बिहार के समस्तीपुर जिला के रोसड़ा में है, जबकि मायके पटना के कंकड़बाग में है. आरती देवी के भाई राजकुमार उर्फ राजू पटना के व्यवसायी है़ं
घटना की सूचना मिलने पर वह रांची पहुंचे. पुलिस ने उनसे कई जानकारियां ली है़ उनके बयान पर बरियातू थाना में अज्ञात हत्यारों के खिलाफ हत्या की प्राथमिकी दर्ज की गयी है.
आरती देवी ने नौ साल पहले रितेश को गोद लिया था : शादी के काफी दिन बीत जाने के बाद भी जब आरती देवी व सितेश कुमार को काेई संतान नहीं हुआ, तो उनलोगोें ने बच्चा गोद लेने की सोची. एक साल की उम्र में रितेश को उनलोगों ने गोद लिया था. अपने स्कूल में प्रारंभिक पढ़ाई करने के बाद आरती देवी ने रितेश का नाम डॉन बास्को स्कूल में लिखा दिया था. वर्तमान में रितेश डॉन बास्को स्कूल में पढ़ता था़
घर से सीसीटीवी का डीवीआर है गायब, अलमारी में रखे कागजात भी बिखरे पड़े थे
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पांच घंटे तक एफएसएल की टीम ने की जांच
घटना की जानकारी मिलने के बाद शुक्रवार की सुबह 10 बजे ही एफएसएल की टीम जांच के लिए घटनास्थल पर पहुंच गयी. लगातार पांच घंटे तक एफएसएल की टीम ने जांच की. करीब तीन बजे जांच समाप्त हुई. इसके बाद बरियातू पुलिस ने दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए रिम्स भेजा. मौके पर सिटी एसपी अमन कुमार, सदर डीएसपी दीपक पांडेय, बरियातू थाना प्रभारी अजय कुमार केसरी सहित बरियातू थाना के कई पुलिसकर्मी मौजूद थे. घटना को लेकर विरोध होने की आशंका को देखते हुए क्यूआरटी की टीम को भी बुला लिया गया था़
कमरे में चाय के दो खाली कप व तीन गिलास रखे हुए थे
आरती देवी घर में ही स्कूल चलाती थी. घर में पहले कमरे में आॅफिस है. उसके बाद वाला कमरा ड्राइंग रूम है़ उसमें सोफा रखा हुआ है़ सेंटर टेबल पर चाय का दो खाली कप और तीन गिलास रखा हुआ था. पुलिस का कहना है कप और गिलास को देख कर ऐसा प्रतीत होता है कि कोई परिचित आया था. उसे आरती देवी ने पीने के लिए चाय भी दिया होगा़ क्याेंकि रात में किसी के घर पर आने पर वह दरवाजा नहीं खोलती थी और खिड़की से ही बात करती थी.
पति का फरवरी में हुआ निधन, भतीजा से हुआ था विवाद
आरती देवी के पति सितेश कुमार का इसी साल फरवरी में हार्ट अटैक से निधन हुआ है़ उनके निधन के बाद जब कामक्रिया में उनके चचेरा भतीजा आये थे, तो उस समय भी संपत्ति में हिस्सा को लेकर आरती देवी से उनका विवाद हुआ था. आरती देवी के ससुर आरएल शर्मा पीडब्ल्यूडी से कार्यपालक अभियंता के पद से सेवानिवृत हुए थे. 2010 में उनका निधन हो गया था.
ओरमांझी मेें ट्रस्ट के नाम से है जमीन
जानकारी के अनुसार आरती देवी एक एनजीओ भी चलाती थी. ओरमांझी में उन्होंने जमीन ले रखी है. स्कूल वाली जमीन व घर की कीमत वर्तमान में करोड़ों की है. उनका स्कूल भी ठीक-ठाक चलता था. इन सब बातों के कारण ही परिवार के सदस्यों की इनकी संपत्ति पर नजर थी़
मेयर, विधायक व भाजपा महिला मोर्चा के लोग पहुंचे
स्कूल की संचालिका आरती देवी भाजपा महिला मोर्चा कार्यसमिति की सदस्य भी थीं. इसलिए मेयर आशा लकड़ा, कांके विधायक डॉ जीतू चरण राम, भाजपा महिला मोर्चा की अध्यक्ष आरती सिंह, सांसद प्रतिनिधि राजकिशोर सहित कई भाजपा नेता उनके घर पहुंचे और घटना पर दुख जताया.
