गिद्दी. जेबीसीसीआइ 12वें के गठन की मांग को लेकर संयुक्त ट्रेड यूनियन मोर्चा के बैनर तले सोमवार को अरगड्डा महाप्रबंधक कार्यालय के समक्ष प्रदर्शन किया गया. इस दौरान कोल इंडिया प्रबंधन के नाम एक मांग पत्र अरगड्डा महाप्रबंधक के प्रतिनिधि को सौंपा गया. नारेबाजी के बाद सभा की गयी.
सभा में मजदूर नेता बैजनाथ मिस्त्री, धनेश्वर तुरी, अरूण कुमार सिंह, पुरूषोत्तम पांडेय, सीपी संतन, लखनलाल महतो, जन्मेजय सिंह, सत्येंद्र महतो, प्रदीप रजक, मंगरू महतो ने अपनी-अपनी बातें रखी. वक्ताओं ने कहा कि 30 जून 26 को जेबीसीसीआइ 11 वें की अवधि समाप्त हो गयी है और एक जुलाई 26 से जेबीससीआइ 12वें की अवधि शुरू हो गयी है, लेकिन अभी तक जेबीसीसीआइ 12वें के गठन को लेकर कोल मंत्रालय व कोल इंडिया प्रबंधन कोई कदम नहीं उठा रहा है.
वक्ताओं ने एक स्वर में जेबीसीसीआइ 12वां का गठन करने तथा चार श्रम कोड को अविलंब रद्द करने की मांग की. वक्ताओं ने कहा कि केंद्र सरकार कोयला उद्योग का पूरी तरह निजीकरण करना चाह रही है. कोयला उद्योग में एमडीओ, कॉमर्शियल और रेवेन्यू शेयरिंग को बढ़ावा दिया जा रहा है. वक्ताओं ने कहा कि यह लड़ाई लंबी है, लेकिन मजदूरों की चट्टानी एकता से ही इस लड़ाई को जीता जा सकता है. इसकी अध्यक्षता बैजनाथ मिस्त्री ने की.
संचालन गौतम बनर्जी ने किया. प्रदर्शन में बिजेंद्र प्रसाद, देवनाथ महली, संजय राम, शंभू कुमार, चंदन कुमार, दशरथ करमाली, कुंजलाल प्रजापति, विजय कुमार, संजय बख्शी, परमात्मा साव, सतीश कुमार, कीर्तन सिंह, विनोद सिंह, देवनारायण सिंह, जवाहर यादव, रविंद्र सिंह, सुनील कुमार सिंह, शशिभूषण सिंह, जितेंद्र बेदिया, कुंवरलाल विश्वकर्मा, अनन्या मुखर्जी, अशोक करमाली, रविंद्र कुमार, शंकर, महादेव मांझी, गिरधारी, जगेश्वर राम, दुग्गी कुमारी, दिनेश गोप, रोहित लाल, जगदीश पासवान, धनेश महली, साबिर अंसारी, चेतलाल सहित काफी संख्या में मजदूर शामिल थे.
