भुरकुंडा : कोयला मजदूरों के वेतन समझौता में देर व सीएमपीएफ को इपीएफ में विलय करने के खिलाफ शनिवार को भुरकुंडा की हाथीदाड़ी खदान के समीप सीटू की सभा हुई. सभा की अध्यक्षता कमला प्रसाद सिंह ने की. सभा को केंद्रीय उपाध्यक्ष आरपी सिंह चंदेल, जोनल सचिव पीडी सिंह, क्षेत्रीय अध्यक्ष बासुदेव साव, वैद्यानाथ राय, राजेंद्र प्रसाद सिंह ने संबोधित किया. वक्ताओं ने कहा कि कोल इंडिया सरकार के इशारे पर मजदूरों के वेतन समझौता को लटकाये हुए है. कई दौर की वार्ता के बाद भी वेतन समझौता को मुकाम तक नहीं पहुंचने दिया. इससे मजदूरों का आक्रोश बढ़ रहा है.
कहा गया कि सीएमपीएफ का इपीएफ में विलय के निर्णय से कोयला कामगारों को झटका लगा है.यदि यह विलय हो जाता है, तो कामगारों को आर्थिक नुकसान होगा. वक्ताओं ने कहा कि सरकार कोयला उद्योग को तबाह करने पर लगी है. बार-बार मजदूर हितों पर हमला किया जा रहा है. वक्ताओं ने कहा कि सरकार के इन नीतियों के खिलाफ आंदोलन की जरूरत है. कोयला मजदूर भी आंदोलन के लिए तैयार रहें. सभा में आरएन सिंह, सुशील कुमार सिंह, कामेश्वर प्रसाद, जगरनाथ प्रसाद सतनामी, प्रमोद कुमार सिंह, संतोष कुमार, उदय उपस्थित थे.
