पलामू: सतबरवा स्थित मुरमा कठौतिया मलय डैम का फाटक सोमवार को खोल दिया गया है, जिससे सतबरवा, लेस्लीगंज तथा मेदिनीनगर सदर प्रखंड के पूर्वी क्षेत्र के 105 गांवों के किसानों को धान रोपनी के लिए खेतों की सिंचाई का पानी मिल सकेगा. डैम का फाटक खुलने से किसानों के मुरझाये चेहरों पर फिर से खुशी आ गयी है.
विभाग के कनीय अभियंता हृदय कुमार ने बताया कि किसानों की समस्या को देखते हुए डैम का फाटक तत्काल साढ़े तीन फीट खोला गया है, ताकि किसान धान रोपनी का कार्य कर सकें. उन्होंने बताया कि डैम के चैन संख्या 18 सतबहिनी पर पानी के दबाव के कारण पिछले कई महीनों से टूटी नहर को तत्काल दुरुस्त किया गया है, ताकि किसानों के खेतों तक पानी पहुंचाया जा सके. स्थिति को देखते हुए डैम का फाटक और खोला जाएगा.
10 नवंबर 2025 को अधिक पानी के दबाव में टूटी थी नहर
मलय डैम की मुख्य नहर पिछले 10 नवंबर 2025 को पानी के अधिक दबाव के कारण चैन संख्या 18 पर टूट गयी थी. इससे किसानों के खेतों में खड़ी धान की फसल को भी नुकसान उठाना पड़ा था. साथ ही रबी फसल के लिए किसानों को पानी नहीं मिल सका था.
यह नहर सतबरवा के 27, मेदिनीनगर के 42 तथा लेस्लीगंज प्रखंड क्षेत्र के 36 गांवों के किसानों के लिए लाइफलाइन मानी जाती है. इसके माध्यम से 19,200 हेक्टेयर भूमि को सिंचित करने का लक्ष्य रखा गया है, ताकि किसानों के खेतों में हरियाली और घरों में खुशहाली आये. किसानों के खेतों तक पानी पहुंचाने के लिए 42 किलोमीटर पक्की नहर का निर्माण कराया गया है.
किसानों और जनप्रतिनिधियों के दबाव के बाद दुरुस्त हो सकी नहर
मलय डैम की नहर क्षतिग्रस्त होने के साथ ही किसानों की समस्या बढ़ गयी थी. इसे लेकर किसानों के अलावा राज्य स्तरीय दिशा समिति के सदस्य अवधेश सिंह चेरो और सामाजिक कार्यकर्ता आशीष सिन्हा ने पलामू डीसी, जलपथ निर्माण विभाग, पलामू सांसद बीडी राम, चतरा सांसद कालीचरण सिंह, विधायक आलोक कुमार चौरसिया, डॉ कुशवाहा शशि भूषण मेहता तथा रामचंद्र सिंह को पत्र के माध्यम से अवगत कराया था.
बीते 16 जुलाई को आशीष सिन्हा के नेतृत्व में किसान महापंचायत का आयोजन किया गया था. किसानों के आग्रह पर उसी दिन पांकी विधायक डॉ कुशवाहा शशि भूषण मेहता तथा 29 जुलाई 2026 को डीसी दिलीप प्रताप सिंह शेखावत ने क्षतिग्रस्त नहर का अवलोकन किया था. इसके बाद तत्काल क्षतिग्रस्त नहर को दुरुस्त करने का आदेश विभाग को दिया गया था.
किसानों ने प्रशासन के अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों और सामाजिक कार्यकर्ताओं के प्रति आभार व्यक्त किया है.
