पाटन से रामनरेश तिवारी की रिपोर्ट
Hemant Soren Objectionable Post: झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के खिलाफ सोशल मीडिया पर अभद्र और आपत्तिजनक पोस्ट करने के मामले में पलामू के पाटन थाना में विनय विश्वकर्मा के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर इस मामले की जांच शुरू कर दी है. पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है. इस संबंध में पाटन थाना क्षेत्र के पाल्हे कला गांव निवासी जेएमएम प्रखंड अध्यक्ष उमाशंकर सिंह व सचिव रंजीत सिंह ने आवेदन दिया है.पुलिस को लिखित आवेदन देकर कानूनी कार्रवाई की मांग की है. शिकायतकर्ता के मुताबिक 11 अगस्त को सुबह करीब 10 बजे उन्होंने अपने मोबाइल पर व्हाट्सएप और फेसबुक स्क्रॉल करने के दौरान एक अत्यधिक आपत्तिजनक पोस्ट देखी.इस पोस्ट में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के खिलाफ बेहद गंदी और अभद्र भाषा का प्रयोग किया गया था.
जेपीएससी और सीबीआई जांच का जिक्र
शिकायत में बताया गया है कि आरोपी ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए मुख्यमंत्री पर जेपीएससी परीक्षाओं में संलिप्तता का आरोप लगाते हुए लिखा था कि जब चोरी नहीं की तो जेपीएससी में सीबीआई जांच क्यों नहीं करवाते. पोस्ट में कथित तौर पर यह भी दावा किया गया कि जब तक परीक्षाओं की सीबीआई जांच नहीं होगी, तब तक इस तरह के पोस्ट सोशल मीडिया पर जारी रहेंगे. पोस्ट के साथ मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की तस्वीर का भी गलत इस्तेमाल किया गया था.
समाज में अशांति फैलाने का आरोप
शिकायतकर्ता उमाशंकर सिंह ने आरोप लगाया है कि इस तरह के पोस्ट से मुख्यमंत्री की राजनीतिक और सार्वजनिक छवि को गहरा धक्का लगा है, जिससे झामुमो समर्थकों और आम जनता में भारी आक्रोश और चिंता है. जांच करने पर पता चला कि यह पोस्ट पाटन थाना क्षेत्र के गहर पथरा गांव निवासी विनय विश्वकर्मा (पिता- नन्दकिशोर विश्वकर्मा) द्वारा किया गया है. आरोपी कथित तौर पर एक विशेष मोबाइल नंबर का उपयोग करके सोशल मीडिया पर समाज में अराजकता और नफरत फैलाने की कोशिश कर रहा था.
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पुलिस ने दर्ज किया केस, जांच में जुटे एसआई
मामले की गंभीरता को देखते हुए पाटन थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की है. पुलिस ने शिकायतकर्ता के आवेदन और संलग्न किए गए स्क्रीनशॉट के आधार पर केस दर्ज कर ली है. पाटन अंचल के पुलिस निरीक्षक सुरेश कुमार मंडल को इस पूरे मामले का अनुसंधान करने की जिम्मेदारी सौंपी गयी है. पुलिस आरोपी की गिरफ्तारी कर तकनीकी साक्ष्यों को जुटाने में लगी है.
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