सशक्त पारिवारिक व्यवस्था राष्ट्र निर्माण में सहायक सिद्ध होगा : संगीता देवी

सरस्वती शिशु विद्या मंदिर, बड़की चांपी के प्रांगण में शुक्रवार को सप्तशक्ति संगम का आयोजन विद्या भारती अखिल भारतीय शिक्षा संस्थान के तत्वावधान में किया गया.

सप्तशक्ति संगम का आयोजन

फोटो कार्यक्रम में शामिल मातृ शक्ति

कुड़ू लोहरदगा : सरस्वती शिशु विद्या मंदिर, बड़की चांपी के प्रांगण में शुक्रवार को सप्तशक्ति संगम का आयोजन विद्या भारती अखिल भारतीय शिक्षा संस्थान के तत्वावधान में किया गया. कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य वक्ता कविता देवी, उप वक्ता संगीता देवी, संयोजिका सोनी देवी, प्रखंड प्रमुख मुन्नी देवी तथा सलगी मुखिया सुमित्रा कुमारी द्वारा मां सरस्वती, भारत माता, ओम एवं प्रभु श्रीराम की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्वलन एवं पुष्पार्चन से हुआ. इस अवसर पर 309 मातृशक्ति उपस्थित रहीं. अतिथियों का परिचय सोनी दीदी ने कराया और प्रस्तावना प्रस्तुत करते हुए कहा कि संगम का उद्देश्य महिलाओं में आत्मविश्वास जागृत करना है, ताकि वे अपनी शक्ति पहचानकर परिवार और समाज के प्रति निष्ठा से कार्य कर सकें. मुख्य वक्ता कविता दीदी ने माताओं को भगवान शिव के परिवार से कुटुंब व्यवस्था की प्रेरणा लेने का संदेश दिया. उन्होंने कहा कि पाश्चात्य संस्कृति का अनुकरण न कर हमें अपनी गौरवपूर्ण सनातन संस्कृति को जीवंत बनाये रखना चाहिए. सप्तशक्ति के रूप में श्री, वाक्, स्मृति, मेधा, धृति, क्षमा और कीर्ति जानी जातीं है, उपवक्ता संगीता दीदी ने कहा कि इस तरह के कार्यक्रम आयोजित करने का मूल उद्देश्य पारिवारिक व्यवस्था को सशक्त बनाकर राष्ट्र निर्माण में सहायक सिद्ध करना है. मौके पर माताओं के बीच प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता हुई. प्रश्न का सही उत्तर देने वाले माताओं को पुरस्कृत किया गया. कार्यक्रम में संयुक्त परिवार में अग्रणी भूमिका निभाने वाली 95 वर्षीय माता सुचित्रा देवी, पति विद्युत नारायण को सम्मानित किया गया. मंच संचालन अंजेला दीदी ने किया.

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By VIKASH NATH

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