कुपोषित बच्चों की पहचान कर केंद्र तक लेकर आयें : डॉ अशोक कुमार

कुपोषित बच्चों की पहचान कर केंद्र तक लेकर आयें : डॉ अशोक कुमार

किस्को़ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र किस्को स्थित कुपोषण उपचार केंद्र में कुपोषित बच्चों का बेहतर इलाज किया जा रहा है. केंद्र में गंभीर रूप से कुपोषित बच्चों को भर्ती कर उपचार की व्यवस्था की गयी है. इसका मुख्य उद्देश्य 0 से 59 माह तक के बच्चों में कुपोषण की समस्या का प्रभावी इलाज करना है. साथ ही बच्चों की माताओं या देखभाल करने वालों को पोषण और स्वास्थ्य समस्याओं की पहचान एवं प्रबंधन को लेकर परामर्श भी दिया जा रहा है. प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ अशोक कुमार ओरिया ने बताया कि कुपोषण से जूझ रहे बच्चों को 15 दिनों के लिए कुपोषण उपचार केंद्र में रखा जाता है, जहां उन्हें चिकित्सा और पोषण संबंधी समुचित देखभाल उपलब्ध करायी जाती है. बच्चों के खान-पान का विशेष ध्यान डॉक्टरों की सलाह के अनुसार रखा जाता है ताकि उनका वजन और स्वास्थ्य स्तर सुधर सके. उन्होंने बताया कि कुपोषित बच्चों की पहचान के लिए प्रखंड की स्वास्थ्य सहिया, आशा एवं आंगनबाड़ी सेविकाओं को निर्देश दिया गया है कि वे अपने क्षेत्र में भ्रमण के दौरान ऐसे बच्चों की पहचान कर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र को जानकारी दें और अभिभावकों को जागरूक करें. जरूरत पड़ने पर बच्चों को केंद्र तक लाने में सहायता भी करें तथा निरंतर उनकी निगरानी रखें. केंद्र में भर्ती बच्चों को 15 दिनों तक प्रतिदिन 130 रुपये तथा बच्चे को लाने वाले को 50 रुपये की सहायता राशि दी जाती है. यहां विशेष सुविधाएं उपलब्ध हैं, जिससे अधिक से अधिक कुपोषित बच्चों को लाभ मिल सके. चिकित्सा पदाधिकारी ने आम लोगों से अपील की कि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में प्रतिदिन आयुष्मान कार्ड का निर्माण किया जा रहा है. लोग अधिक संख्या में पहुंचकर आयुष्मान कार्ड बनवायें और सरकार द्वारा प्रदत्त नि:शुल्क स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ उठायें.

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By SHAILESH AMBASHTHA

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