किस्को, लोहरदगा: एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय किस्को में कार्यरत स्थानीय कर्मचारियों को हटाकर दूसरे जिले के कर्मियों को रखे जाने की शिकायत को लेकर लोहरदगा लोकसभा सांसद सुखदेव भगत विद्यालय पहुंचे. उन्होंने ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं और विद्यालय प्रबंधन से पूरे मामले की जानकारी ली.
24 स्वीकृत शिक्षक पद, एक भी पदस्थापित नहीं
सांसद ने कहा कि विद्यालय में 24 शिक्षकों का स्वीकृत पद है, लेकिन अभी एक भी शिक्षक पदस्थापित नहीं है. पेशरार प्रखंड के बच्चों का भी किस्को विद्यालय में नामांकन किया गया है. इसके बावजूद विद्यालय में गैर शिक्षकेतर कर्मियों की भी भारी कमी है.
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स्थानीय लोगों के सामने रोजी-रोटी का संकट
सांसद ने बताया कि विद्यालय के निर्माण के समय से ही आसपास के गांवों के लोग, विशेषकर गरीब महिलाएं, यहां काम कर रही हैं. यदि उन्हें हटाया गया तो उनके सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो जाएगा. उन्होंने कहा कि स्थानीय लोगों को उनके हक से वंचित नहीं किया जा सकता.
भूमि दाताओं को नौकरी में प्राथमिकता देने की मांग
सुखदेव भगत ने कहा कि विद्यालय के लिए जिन लोगों की जमीन अधिकृत की गयी थी, उन्होंने स्वेच्छा से जमीन दी थी, लेकिन अब तक उन्हें मुआवजे की राशि नहीं मिली है. उन्होंने मांग की कि भूमि दाताओं को उनकी योग्यता के अनुसार विद्यालय में प्राथमिकता के आधार पर नौकरी दी जाए.
प्रबंधन से जल्द समाधान की मांग
सांसद सुखदेव भगत ने विद्यालय प्रबंधन समिति से मामले का जल्द समाधान करने को कहा. उन्होंने कहा कि यदि प्रबंधन समिति के स्तर पर समस्या का समाधान नहीं होता है तो वह जिला स्तर के अधिकारियों से बात कर मामले का निपटारा कराएंगे.
मौके पर सांसद के निजी सहायक आलोक साहू, सांसद प्रतिनिधि दयानंद उरांव समेत बड़ी संख्या में ग्रामीण, अभिभावक और विद्यालय के कर्मी मौजूद थे.
