चंदवा़ चकला-बाना स्थित अभिजीत पावर प्लांट का अधिग्रहण करने वाली कंपनी रश्मि मेटेलिक ग्रुप (ओएएसपीएल) प्रबंधन पर वादाखिलाफी का आरोप लगाते हुए मैनपावर कर्मियों और विस्थापित ग्रामीणों ने बुधवार को आक्रोशपूर्ण प्रदर्शन किया. दर्जनों रैयत व कर्मी प्लांट के टीजी ब्लॉक के पास जुटे और बैठक कर प्रबंधन को मांग पत्र सौंपा. उन्होंने चेतावनी दी कि जल्द रोजगार नहीं मिला तो गुरुवार से चरणबद्ध आंदोलन शुरू होगा. ग्रामीणों ने बताया कि पूर्व में जमीन अधिग्रहण के वक्त रोजगार का भरोसा मिला था. अभिजीत ग्रुप के दिवालिया होने के बाद एआरसीएल कंपनी के अधीन प्रभावित परिवारों को जनवरी 2026 तक आठ से 10 हजार रुपये मासिक सहायता राशि मिलती रही. 14 जनवरी 2026 को एनसीएलटी प्रक्रिया के तहत रश्मि मेटेलिक ने प्लांट का अधिग्रहण कर काम शुरू किया. इसमें करीब 100 पुराने श्रमिकों को काम मिला, लेकिन 50 से अधिक विस्थापित व स्थानीय मजदूर अब भी वंचित हैं. मजदूरों ने आरोप लगाया कि वार्ता के नाम पर सिर्फ आश्वासन मिल रहा है. गतिरोध दूर करने का प्रयास जारी : कंपनी के वाइस प्रेसिडेंट पीसी जोशी ने कहा कि गतिरोध दूर करने का प्रयास जारी है. फिलहाल काम कम है. कर्मियों को ठेकेदार के अधीन काम कर हुनर सीखने को कहा गया था, ताकि स्किल्ड होने पर बेहतर काम मिले, पर वे तैयार नहीं हैं. जल्द ही वार्ता कर समाधान निकाल लिया जायेगा.
रश्मि मेटेलिक प्रबंधन के खिलाफ विस्थापितों में रोष, आंदोलन की चेतावनी
रश्मि मेटेलिक प्रबंधन के खिलाफ विस्थापितों में रोष, आंदोलन की चेतावनी
