चंदवा: सीएचसी से दो एमबीबीएस चिकित्सकों का तबादले के बाद क्षेत्र की स्वास्थ्य व्यवस्था पर संकट मंडराने लगा है. पहले से चिकित्सकों की कमी से जूझ रहा यह अस्पताल अब एमबीबीएस बगैर हो गया है. डेढ़ लाख की आबादी व सड़क दुर्घटना के घायलों के इलाज को लेकर चिंता बढ़ गई है. ज्ञातव्य हो कि सीएचसी चंदवा में पहले तीन एमबीबीएस चिकित्सक कार्यरत थे. इनमें से एक चिकित्सक का हाल ही में निधन हो गया.
वहीं एक आयुष चिकित्सक की प्रतिनियुक्ति देवघर श्रावणी मेले में कर दी गई है. अब शेष दोनों एमबीबीएस चिकित्सकों का भी तबादला कर दिया गया है. महत्वपूर्ण बात यह है कि उनके स्थान पर अभी तक किसी नए चिकित्सक की नियुक्ति यहां नहीं की गई है.
भाजपा पश्चिमी मंडल अध्यक्ष विनय कुमार रिकी व विधायक प्रतिनिधि रवि राज ने इसे दुर्भाग्यपूर्ण बताया. कहा कि इसका असर चंदवा प्रखंड की डेढ़ लाख आबादी पर पड़ेगा. विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले गरीब मरीजों, गर्भवती महिलाओं और आपातकालीन उपचार की आवश्यकता वाले लोगों को कठिनाई होगी.
यहां दो राष्ट्रीय राजमार्ग, टोरी जंक्शन व आसपास के मरीज इलाज के लिए पहुंचते है. ऐसे में चिकित्सकों की कमी गंभीर परेशानी बन सकती है. लोगों ने स्वास्थ्य मंत्री एवं स्वास्थ्य विभाग से सीएचसी में अविलंब पर्याप्त संख्या में एमबीबीएस चिकित्सकों की नियुक्ति करने की मांग की है.
