झुमरीतिलैया: भाई-बहन के अटूट प्रेम और स्नेह का प्रतीक रक्षाबंधन आज जिले भर में हर्षोल्लास के साथ मनाया जाएगा. सावन पूर्णिमा के अवसर पर बहनें अपने भाइयों की कलाई पर प्रेम और विश्वास की डोर बांधेंगी. पर्व को लेकर शहर का बाजार भी पूरी तरह गुलजार हो गया है. स्टेशन रोड, झंडा चौक सहित विभिन्न चौक-चौराहों पर राखी की स्थायी और अस्थायी दुकानें सज गई हैं. दुकानों पर तरह-तरह की आकर्षक राखियां लोगों को अपनी ओर खींच रही हैं.
बाजार में पांच रुपये से लेकर 280 रुपये तक की राखियां उपलब्ध हैं. बच्चों के लिए कार्टून कैरेक्टर वाली राखियों से लेकर युवाओं और बड़ों के लिए स्टोन वर्क, रेशमी धागे और आकर्षक डिजाइन वाली राखियां बिक्री के लिए मौजूद हैं.
राखी विक्रेता रवि कुमार ने बताया कि इस वर्ष बच्चों में कार्टून कैरेक्टर वाली राखियों की मांग अधिक है. वहीं रेशमी धागे पर स्टोन वर्क वाली राखियां भी खरीदारों को खूब पसंद आ रही हैं.
मिठाई दुकानों पर भी बढ़ी रौनक
रक्षाबंधन को लेकर शहर की मिठाई दुकानों में भी तैयारियां तेज हो गई हैं. पर्व को देखते हुए दुकानदारों ने विभिन्न प्रकार की मिठाइयों और आकर्षक पैकिंग की तैयारी शुरू कर दी है. भाई की कलाई पर राखी बांधने के बाद बहनें उसे मिठाई खिलाकर मुंह मीठा कराएंगी. इसे देखते हुए मिठाई दुकानदारों को भी अच्छी बिक्री की उम्मीद है.
मेहंदी का दिखा क्रेज
राखी को लेकर युवतियों और महिलाओं में भी खासा उत्साह देखा जा रहा है. शहर में कई जगह मेहंदी लगाने वालों ने स्टॉल लगाए हैं. महिलाएं और युवतियां अपने घरों के अलावा सहेलियों व आस-पड़ोस की महिलाओं के साथ स्मार्ट बाजार के नीचे हाथों में मेहंदी रचवाती नजर आईं. रक्षाबंधन से पहले हाथों में मेहंदी लगवाने का क्रेज युवतियों में खासा देखने को मिल रहा है.
भाई की कलाई पर सजेगा रक्षा सूत्र
पौराणिक मान्यता के अनुसार रक्षाबंधन केवल एक त्योहार नहीं, बल्कि भारतीय परंपरा और पारिवारिक संस्कारों का प्रतीक है. इस दिन बहनें भाई को तिलक लगाकर उसकी कलाई पर रक्षा सूत्र बांधती हैं और उसके सुख, समृद्धि व दीर्घायु की कामना करती हैं. वहीं भाई भी बहन को उपहार देकर जीवनभर उसकी रक्षा करने का संकल्प लेते हैं. बदलते समय के बावजूद यह पर्व भाई-बहन के रिश्ते में स्नेह और अपनापन बनाए रखने का संदेश देता है.
