झुमरीतिलैया, कोडरमा : पूर्व मध्य रेल के नये महाप्रबंधक डिम्पी गर्ग के पदभार ग्रहण करने के साथ ही कोडरमा समेत उत्तरी छोटानागपुर के कई जिलों के लोगों में रेलवे की लंबित परियोजनाओं को लेकर उम्मीदें बढ़ गयी हैं. क्षेत्रवासियों को उम्मीद है कि नये महाप्रबंधक के अनुभव और कार्यकुशलता से लंबे समय से लंबित रेल परियोजनाओं को गति मिलेगी.
सबसे अधिक उम्मीद झारखंड और बिहार को जोड़ने वाली महत्वपूर्ण कोडरमा-तिलैया रेल परियोजना को लेकर है. परियोजना के पूरा होने और रेल सेवा शुरू होने से क्षेत्र के लोगों को राजगीर और पटना की ओर जाने के लिए नया रेल मार्ग मिल सकेगा. इससे यात्रियों को अपेक्षाकृत कम दूरी तय करनी होगी और बिहार-झारखंड के बीच रेल संपर्क भी मजबूत होगा.
दोहरीकरण की योजनाओं को गति मिलने की उम्मीद
क्षेत्र के लोगों को कोडरमा-हजारीबाग टाउन-बड़काकाना रेलखंड के दोहरीकरण की योजना में भी तेजी आने की उम्मीद है. इसके अलावा कोडरमा-कावर-मधुपुर रेल लाइन के दोहरीकरण की दिशा में भी ठोस पहल की अपेक्षा की जा रही है.
इन परियोजनाओं के पूरा होने से क्षेत्र में रेल संपर्क मजबूत होने के साथ यात्री सुविधाओं और माल परिवहन को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है. इससे उत्तरी छोटानागपुर के विभिन्न इलाकों को रेल नेटवर्क के स्तर पर और बेहतर कनेक्टिविटी मिल सकती है.
नये स्टेशन भवन के उद्घाटन का भी इंतजार
कोडरमा स्टेशन पर बनकर तैयार नये भवन का उद्घाटन भी लंबे समय से प्रतीक्षित है. स्थानीय लोगों के अनुसार इसका शुभारंभ मार्च में प्रस्तावित था, लेकिन अब तक इसे जनता को समर्पित नहीं किया गया है. ऐसे में लोगों को उम्मीद है कि नये महाप्रबंधक के कार्यकाल में स्टेशन के नये भवन का उद्घाटन जल्द होगा.
स्थानीय लोगों का कहना है कि लंबित रेल परियोजनाओं को समयबद्ध तरीके से धरातल पर उतारने से कोडरमा सहित पूरे उत्तरी छोटानागपुर क्षेत्र के विकास को नयी गति मिल सकती है. रेल संपर्क बेहतर होने से यात्री आवागमन के साथ व्यापार और माल परिवहन को भी लाभ मिलने की उम्मीद है.
