खूंटी : सरहुल हमारी धर्म व संस्कृति की पहचान है. इसे बचाकर रखने की आवश्यकता है़ इसके लिए सरकार द्वारा भी प्रयास किया जा रहा है़ हमारी सरकार ने सरना स्थल की घेराबंदी कर सरना संस्कृति को बचाने का काम किया है़ उक्त बातें ग्रामीण विकास मंत्री सह खूंटी विधायक नीलकंठ सिंह मुंडा ने रविवार को मुरहू के मेलाटांड़ में आयोजित सरहुल महोत्सव में कही.
उन्होंने कहा कि सरना संस्कृति, नृत्य व लोक कला धीरे-धीरे विलुप्त हो रही है़ इसे बचाने के लिए सरना समाज को एकजुट होने की आवश्यकता है़ विशिष्ट अतिथि खिजरी विधायक राम कुमार पहान ने कहा कि सरना समाज के लोग प्रकृृति के उपासक हैं. सदियों से वे जाति-धर्म का भेदभाव किये बगैर सभी के सुखमय जीवन के लिए प्रार्थना करते आये हैं. उन्होंने कहा कि आज कुछ लोग हमारी संस्कृति को बर्बाद करने में लगे हुए हैं. इससे बचने के लिए एकजुट होना जरूरी है़ इससे पहले मंत्री श्री मुंडा व विधायक पहान ने सरना महोत्सव की शुरुआत झंडोत्तोलन कर की.
कार्यक्रम में क्षेत्र के मुंडा-पहान को पगड़ी पहना कर सम्मानित किया गया़ इसके बाद मेलाटांड़ से स्थानीय चमराटोली मैदान तक विशाल शोभायात्रा निकाली गयी. जिसमें मंत्री, विधायक भी शामिल हुए़ मौके पर आयोजन समिति के अध्यक्ष सावना मुंडा, सचिव सांदु मुंडा, कोषाध्यक्ष मान सिंह मुंडा, भाजपा जिलाध्यक्ष काशीनाथ महतो, प्रखंड अध्यक्ष सुरेश प्रसाद, धर्मेंद्र नाथ तिवारी, लीलू पहान, विनोद नाग, बीडीओ प्रदीप भगत, थाना प्रभारी अरुण कुमार दुुबे, सुखराम मुंडा, साउ पहान, सोहराई मुंडा, प्रदीप मुंडा, श्याम मुंडा, गौतम मुंडा, गोमेश्री मुंडा, मागो मुंडा सहित अन्य उपस्थित थे़
