विधिक कार्यशाला में जिला एवं सत्र न्यायाधीश बिपीन बिहारी ने कहा
खूंटी : एसपी अश्विनी सिन्हा की पहल पर समाहरणालय सभागार में विधिक कार्यशाला का आयोजन किया गया. डीसी डॉ मनीष रंजन ने अापराधिक कांडों की गुणवत्तापूर्ण अनुसंधान पर जोर दिया. ड्रग तस्करों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई करते हुए उन्हें न्यायालय में सजा के लिए ठोस साक्ष्य संकलन कर प्रस्तुत करने का सुझाव दिया. इससे पूर्व जिला एवं सत्र न्यायाधीश बिपीन बिहारी ने मानव तस्करी, ड्रग तस्करी, बाल श्रम, जेजे एक्ट आदि विषयों पर अपने विचार रखे.
पुलिस पदाधिकारियों को निष्पक्षता पूर्वक सही अनुसंधान एवं साक्ष्य संकलन करके देने पर बल दिया ताकि अपराधियों को कड़ी सजा मिल सके. एसपी ने मौके पर उपस्थित अधीनस्थ पदाधिकारियों को निरीक्षण, गुणवत्तापूर्ण अनुसंधान एवं अनुशासन के विभिन्न पहलूओं से रूबरू कराया.
कार्यशाला में मुख्य रूप से कांडों के सही अनुसंधान, डायन प्रथा, मानव तस्करी, आर्म्स एक्ट, जेजे एक्ट, एनडीपीएस एक्ट एवं साक्ष्य अधिनियम के संबंध में चर्चा हुई. इसके रोकथाम की बाबत कई निर्णय लिये गये. मौके पर जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश राजेश कुमार, मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी तरुण कुमार, अनुमंडल न्यायिक दंडाधिकारी सुशीला सोरेंग, ऑपरेशन एएसपी अनुराग राज, प्रभारी लोक अभियोजक सुशील जायसवाल, एसडीपीओ खूंटी रणवीर सिंह, एसडीपीओ तोरपा नाजिर अख्तर सहित जिले के सभी थानों के निरीक्षक, थानेदार आदि मौजूद थे.
