जामताड़ा: स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के तहत नारायणपुर प्रखंड में प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की गयी है. प्लास्टिक कचरा प्रबंधन इकाई का ट्रायल शुरू किया गया है. ग्राम जल एवं स्वच्छता समिति, दलदला के माध्यम से संचालित इस पहल का उद्देश्य प्रखंड को प्लास्टिक मुक्त बनाना, पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देना तथा प्लास्टिक कचरे का वैज्ञानिक प्रबंधन सुनिश्चित करना है.
ट्रायल के दौरान विभिन्न पंचायतों में घर-घर जाकर लोगों को प्लास्टिक कचरे को अन्य घरेलू कचरे से अलग रखने के लिए जागरूक किया गया. संग्रहित प्लास्टिक कचरे को मटेरियल रिकवरी फैसिलिटी (एमआरएफ) केंद्र भेजा जाएगा, जहां उसका वैज्ञानिक तरीके से प्रसंस्करण और पुनर्चक्रण किया जाएगा. इससे प्लास्टिक प्रदूषण कम होने के साथ सड़क निर्माण सहित अन्य उपयोगी कार्यों में इस्तेमाल संभव होगा.
जिला समन्वयक अनुज कुमार मंडल ने कहा कि प्रत्येक परिवार यदि प्लास्टिक कचरे को अलग-अलग एकत्रित करेगा, तो गांवों की स्वच्छता बेहतर होगी और पर्यावरण संरक्षण को भी मजबूती मिलेगी. उन्होंने लोगों से प्लास्टिक कचरे को खुले में न जलाने और इधर-उधर न फेंकने की अपील की.
उन्होंने कहा कि बोतलें, थैलियां, पैकेट व अन्य प्लास्टिक सामग्री घर-घर आने वाली संग्रहण टीम को ही सौंपें. बताया कि यह पहल सफल होने पर पूरे प्रखंड में प्लास्टिक कचरा प्रबंधन व्यवस्था का विस्तार किया जाएगा, जिससे स्वच्छ भारत मिशन को मजबूती मिलने के साथ स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे.
