Terror Alert: इंटरपोल के हिट लिस्ट में जमशेदपुर के मो अर्शियान, रेड कॉर्नर नोटिस जारी, तलाश रही दिल्ली पुलिस

Terror Alert: दिल्ली पुलिस की ओर से 14 आतंकियों के पोस्टर जारी किए जाने के बाद झारखंड पुलिस अलर्ट मोड पर है. इस लिस्ट में जमशेदपुर के आजादनगर के रहने वाले मो अर्शियान का नाम भी शामिल है, जो अलकायदा से जुड़ा बताया जा रहा है. सीबीआई के रिक्वेस्ट पर इंटरपोल ने उसके खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस जारी किया है. रिपब्लिक डे से पहले आतंकी हमले की चेतावनी के बाद पूरे देश में सुरक्षा कड़ी कर दी गई है और संदिग्धों पर लगातार निगरानी रखी जा रही है. पूरी खबर नीचे पढ़ें.

लाल घेरे में जमशेदपुर का मो अर्शियान, जिसे दिल्ली पुलिस तलाश रही है.

Terror Alert: रिपब्लिक डे से पहले अलकायदा और जैश-ए-मोहम्मद की ओर से देश के 26 स्थानों पर विस्फोट की धमकी दिए जाने के बाद पूरे भारत में सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड पर हैं. खुफिया एजेंसियों के इनपुट के बाद प्रमुख शहरों, रेलवे स्टेशनों, एयरपोर्ट, धार्मिक स्थलों और भीड़भाड़ वाले इलाकों में सुरक्षा बढ़ा दी गई है. इसी सिलसिले में दिल्ली पुलिस ने 14 संदिग्ध आतंकियों के पोस्टर जारी किए हैं. इनमें जमशेदपुर के आजादनगर निवासी मो अर्शियान का नाम भी शामिल है. दिल्ली पुलिस मो अर्शियान की पूरे जोर-शोर से तलाश कर रही है.

दिल्ली पुलिस की लिस्ट में जमशेदपुर का मो अर्शियान

दिल्ली पुलिस की ओर से जारी पोस्टर में जिन 14 आतंकियों की तस्वीरें हैं, उनमें मो अर्शियान को अलकायदा से जुड़ा हुआ बताया गया है. मो अर्शियान जमशेदपुर के आजादनगर थाना क्षेत्र के रोड नंबर-14 का रहने वाला है. उसका नाम सामने आने के बाद झारखंड पुलिस और जमशेदपुर जिला पुलिस भी सतर्क हो गई है. सभी थाना क्षेत्रों को अलर्ट कर दिया गया है और संदिग्ध गतिविधियों पर कड़ी नजर रखी जा रही है.

मो अर्शियान के खिलाफ इंटरपोल का रेड कॉर्नर नोटिस

सीबीआई के रिक्वेस्ट पर इंटरपोल ने मो अर्शियान के खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस जारी किया है. इसका मतलब है कि अब उसकी तलाश इंटरनेशनल लेवल पर भी की जा रही है. सुरक्षा एजेंसियों को शक है कि मो अर्शियान देश के बाहर छिपा हो सकता है या किसी इंटरनेशनल टेरर नेटवर्क के संपर्क में है. रेड कॉर्नर नोटिस जारी होने के बाद उसके संभावित ठिकानों और संपर्कों की गहन जांच की जा रही है.

भाई पहले से दिल्ली की जेल में है बंद

जांच एजेंसियों के मुताबिक, मो अर्शियान का भाई मो जीशान पहले से ही दिल्ली की जेल में बंद है. दिल्ली पुलिस ने मो जीशान को 9 अगस्त 2017 को गिरफ्तार किया था. उस पर भी आतंकी संगठनों से जुड़े होने के गंभीर आरोप हैं. एजेंसियों का मानना है कि दोनों भाइयों के तार अलकायदा नेटवर्क से जुड़े हुए हैं.

2016 के ओडिशा केस के बाद सामने आया था नाम

मो अर्शियान और उसके भाई का मो जीशान का नाम साल 2016 में तब सामने आया था, जब ओडिशा में अलकायदा से जुड़े आतंकी अब्दुल रहमान कटकी की गिरफ्तारी हुई थी. उस समय जांच के दौरान कई संदिग्धों के नेटवर्क का खुलासा हुआ था, जिसमें मो जीशान और मो अर्शियान का नाम प्रमुख रूप से सामने आया था.

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झारखंड पुलिस अलर्ट, लगातार निगरानी

मो अर्शियान की तस्वीर जारी होने के बाद झारखंड पुलिस ने सभी जिलों को अलर्ट कर दिया है. जमशेदपुर में विशेष रूप से आजादनगर और आसपास के इलाकों में निगरानी बढ़ा दी गई है. पुलिस पुराने संपर्कों, रिश्तेदारों और संभावित ठिकानों की जांच कर रही है. पुलिस के अधिकारियों का कहना है कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को देने की अपील की गई है.

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By KumarVishwat Sen

कुमार विश्वत सेन प्रभात खबर डिजिटल में डेप्यूटी चीफ कंटेंट राइटर हैं. इनके पास हिंदी पत्रकारिता का 25 साल से अधिक का अनुभव है. इन्होंने 21वीं सदी की शुरुआत से ही हिंदी पत्रकारिता में कदम रखा. दिल्ली विश्वविद्यालय से हिंदी पत्रकारिता का कोर्स करने के बाद दिल्ली के दैनिक हिंदुस्तान से रिपोर्टिंग की शुरुआत की. इसके बाद वे दिल्ली में लगातार 12 सालों तक रिपोर्टिंग की. इस दौरान उन्होंने दिल्ली से प्रकाशित दैनिक हिंदुस्तान दैनिक जागरण, देशबंधु जैसे प्रतिष्ठित अखबारों के साथ कई साप्ताहिक अखबारों के लिए भी रिपोर्टिंग की. 2013 में वे प्रभात खबर आए. तब से वे प्रिंट मीडिया के साथ फिलहाल पिछले 10 सालों से प्रभात खबर डिजिटल में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. इन्होंने अपने करियर के शुरुआती दिनों में ही राजस्थान में होने वाली हिंदी पत्रकारिता के 300 साल के इतिहास पर एक पुस्तक 'नित नए आयाम की खोज: राजस्थानी पत्रकारिता' की रचना की. इनकी कई कहानियां देश के विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित हुई हैं.

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