जमशेदपुर : एमजीएम अस्पताल में आउटसोर्स पर तैनात नर्स, फार्मासिस्ट, टेक्नीशियन में बुधवार से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले गये. हड़ताल में 295 नर्स, 15 फार्मासिस्ट व 70 टेक्नीशियन शामिल है. आउटसोर्स कर्मी जुलाई माह का वेतन तत्काल भुगतान करने की मांग कर रहे हैं.
हड़ताल से अस्पताल की व्यवस्था चरमरा की गयी है. इमरजेंसी को छोड़कर सभी वार्ड में मरीजों को जरूरी चिकित्सा सेवा नहीं मिल पा रही है. भर्ती कई मरीजों को दोपहर तक दवा व सूई तक नहीं दी गयी थी.
अस्पताल की स्थायी नर्स व जीएनएम स्कूल की छात्राओं से किसी तरह व्यवस्था संचालित की जा रही है. आउटसोर्स कर्मियों का कहना है कि एजेंसी द्वारा समय पर वेतन का भुगतान नहीं किया जा रहा है. वेतन मांगने पर आश्वासन देकर टाल दिया जाता है, लेकिन इस बार वेतन मिलने के बाद ही वह काम शुरू करेंगे.
आउटसोर्स कर्मियों का कहना है कि कई कर्मचारी किराये के घर में रहते है, वह न किराया दे पा रहे है न ही राशन नहीं खरीद पा रहे. अस्पताल में सिर्फ 52 स्थायी नर्स है जबकि स्वीकृत पद 350 है. यह कमी आउटसोर्स नर्सों से पूरी की जाती है. हड़ताल के कारण अस्पताल की पूरी व्यवस्था ध्वस्त होती नजर आ रही है. उधर अधीक्षक ने पूरे मामले की रिपोर्ट स्वास्थ्य सचिव को भेजी है. सचिव ने अस्पताल परिसर में आउटसोर्स कर्मचारियों को धरना देने से रोक लगाते हुए प्रभावी उपाय करने का निर्देश दिया है.
हड़ताली कर्मचारियों से मिले अधीक्षक, एक सप्ताह का समय मांगा : अस्पताल अधीक्षक ने हड़ताल आउटसोर्स कर्मियों से मिलकर एक सप्ताह का समय मांगा. कहा कि, 27 अगस्त तक वेतन हो जायेगा. एजेंसी शिवा प्रोटेक्शन फोर्स प्राइवेट लिमिटेड ने भी 27 अगस्त तक वेतन देने का लिखित आश्वासन दिया है. हालांकि आउटसोर्स कर्मी मानने को तैयार नहीं है. उनका कहना है कि वेतन मिलने तक आंदोलन जारी रहेगा.
अस्पताल में कार्य प्रभावित हुआ तो एजेंसी होगी ब्लैक लिस्ट
अस्पताल परिसर में आउटसोर्स कर्मचारियों की हड़ताल की सूचना देने पर स्वास्थ्य सचिव डॉ नितिन मदन कुलकर्णी ने अधीक्षक डॉक्टर आरके मंधान को कड़ा दिशा-निर्देश दिया है. सचिव ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि आउटसोर्स कर्मचारियों को अस्पताल परिसर में धरना देने से रोका जाये. सचिव ने एजेंसी को मानव बल उपलब्ध कराने को कहा है.
चेतावनी दी है कि कर्मचारियों के अभाव में अगर अस्पताल की व्यवस्था बिगड़ती है तो एजेंसी को ब्लैक लिस्ट कर नये सिरे से टेंडर किया जायेगा. सचिव के निर्देश के बाद अधीक्षक ने ठेकेदार के प्रतिनिधि को बुलाकर तत्काल कर्मचारी उपलब्ध कराने को कहा है.
अस्थायी सफाई कर्मचारी संघ ने दिया समर्थन, पहुंचे आनंद बिहारी : अस्थायी सफाई कर्मचारी संघ में शामिल सफाई कर्मियों ने आउटसोर्स कर्मियों की हड़ताल को नैतिक समर्थन देने की घोषणा की है. संघ के महासचिव रवि नामता ने कहा कि वर्तमान संवेदक वेतन देने में लगातार अनियमितता बरत रहा है. अधीक्षक मामले में कोई कार्रवाई नहीं कर रहे. अस्पताल में सफाई कर्मियों की संख्या बढ़ाने की मांग पर भी सुनवाई नहीं हो रही है.
इसे लेकर वे आंदोलन करेंगे. बैठक में गिरीश नामता, जयंत चौबे, सुरेश्वर सागर, उषा देवी, मीणा देवी, संतोषी जानकी, रत्ना घोष, सुकमति बिरूली आदि उपस्थित थे. उधर, कांग्रेसी नेता आनंद बिहारी दूबे ने बुधवार को अस्पताल परिसर पहुंचकर वेतन की मांग पर हड़ताल कर रहे आउटसोर्स कर्मचारियों से बात की. उन्होंने कर्मचारियों को हर संभव सहायता देने का आश्वासन दिया.
