जमशेदपुर : सोनारी के नौलखा गौतम अपार्टमेंट ( फ्लैट नंबर 3/13) में अपनी पत्नी पूनम गुप्ता, मुंहबोला साला चंदन श्रीवास्तव व उसकी मां सीमा देवी ( जिनकी मौत हो गयी) को गोली मारने का आरोपी दारोगा मनोज गुप्ता ने रविवार दोपहर पुलिस के समक्ष सरेंडर कर दिया.
सरेंडर से पहले उसने एसएसपी अनूप बिरथरे से फोन पर बात की. कहा- सर, मैं सरेंडर करना चाहता हूं. इसके बाद उसने आजादनगर थाने में सरेंडर कर दिया. सरेंडर लेने की जिम्मेदारी साकची थाना प्रभारी राजीव कुमार, आजादनगर थाना प्रभारी विष्णु कुमार राउत, सोनारी थाना प्रभारी नरेश कुमार सिन्हा को दी गयी.
सरेंडर करने के बाद पुलिस बिना हथकड़ी मनोज को सीधे उसके फ्लैट लेकर पहुंची. उसने अपनी सास कौशल देवी और दोनों बेटियों से बात की. बेटे मोहित से उसने बात करने का प्रयास किया, लेकिन वह सामने नहीं आया.
डेढ़ घंटे बाद पुलिस उसे सोनारी थाना लेकर चली गयी. अपनी ही पत्नी समेत तीन लोगों को गोली मारने के बाद भी मनाेज के चेहरे पर पछतावा नहीं दिखा. वह बिल्कुल सामान्य दिख रहा था. उसने मीडिया से बात करने के दौरान कहा-उसे इस घटना का पछतावा नहीं है, जो हुआ सो हुआ.
एसएसपी को फोन कर आजादनगर थाने में किया सरेंडर, पुलिस मनोज को उसके फ्लैट ले गयी, यहां डेढ़ घंटे तक रहा
सोनारी के नौलखा अपार्टमेंट के फ्लैट में बेटियों से की बात, बेटा नहीं आया सामने
फ्लैट से नीचे उतरने पर मीडिया से कहा-‘हो गया, ओके चलूं’
सरेंडर लेने की जिम्मेदारी साकची, आजादनगर व सोनारी थाना प्रभारी को दी गयी थी
मनोज को आज भेजा जायेगा जेल
सर्विस रिवाॅल्वर व 19 कारतूस बरामद
एसएसपी अनूप बिरथरे ने बताया, पुलिस टीम के सामने मनोज गुप्ता ने आत्मसमर्पण किया है. उसके पास से एक सर्विस रिवॉल्वर और 19 कारतूस बरामद किये गये हैं. पूछताछ के बाद मनोज को सोमवार को जेल भेज दिया जायेगा.
मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में बयान दर्ज
पत्नी पूनम गुप्ता बोली- स्टेशन से आने के बाद चिल्लाते हुए अंधाधुंध गोलियां चलाने लगे मनोज
मजिस्ट्रेट ने पूनम और चंदन का टीएमएच में जाकर बयान लिया. उनकी बेटी प्रिया से भी बात की. पूनम ने बताया, मनोज स्टेशन से लेकर घर आये. वह फ्रेश होने के लिए वॉशरूम चली गयी. इसी दौरान मनोज के चिल्लाने की आवाज आने लगी. वह भी बाहर निकली, तो वे चिल्लाते हुए पिस्तौल लेकर कमरे में घुसे और चंदन, उसकी मां और मुझपर अंधाधुंध गोलियां चलाने लगे.
उस वक्त दोनों बेटियां भी घर पर थीं. घटना की सूचना बेटी व आसपास के लोगों ने पुलिस को दी. इसके पूर्व बयान में पूनम ने यह लिखा है कि चाईबासा के डीएसपी ने फोन कर बातचीत करने के लिए बुलाया था. उन्हें आने के लिए प्रेशर बनाया गया था. इसलिए वह चंदन के साथ आयी थी.
हाफ पैंट में भागा, नयी टी-शर्ट-जींस में किया सरेंडर
सरेंडर कराने के बाद जमशेदपुर पुलिस हत्यारोपी दारोगा को इस रूप में सामने लेकर आयी, जैसे वह मुजरिम न हो, कोई खास व्यक्ति हो. सामान्य रूप में ऐसे मामलों के आरोपी को पुलिस हथकड़ी लगा कर व विशेष पुलिस बल की सुरक्षा में लाती है. लेकिन यहां ऐसी कोई बात देखने को नहीं मिली.
उसका बॉडी लैंग्वेज बिल्कुल दबंग के तौर पर लोगों के सामने आया. मनोज गुप्ता घटना को अंजाम देने के बाद हाफ पैंट और पुरानी टी-शर्ट में फरार हुआ था. लेकिन उसने जब सरेंडर किया, तो नयी टी-शर्ट और नयी जींस में था. सूचना के अनुसार वह कपाली में अपने एक मित्र के घर में छिपा बैठा था. वहीं से वह कपड़े बदल कर सरेंडर करने आया.
