जमशेदपुर : एमजीएम अस्पताल की स्थिति काफी खराब होते जा रही है. अस्पताल में रेडियोलॉजिस्ट के नहीं रहने के कारण एक्सरे, अल्ट्रासाउंड और सीटी स्कैन के बाद अब माइक्रोबायोलॉजी विभाग भी बंद होने के कगार पर पहुंच गया है.
माइक्रोबायालोजी विभाग में कर्मचारी के नहीं होने के कारण मरीजों की जांच सही से नहीं हो पा रही है. विभाग में यूरिन कल्चर, स्टूल कल्चर व स्पुटम कल्चर की जांच होती है. कर्मचारियों के अनुसार इस विभाग में कॉलेज की ओर से आउटसोर्स पर दो पारा मेडिकल कर्मचारी की नियुक्ति की गयी थी.
लेकिन सरकार द्वारा आउटसोर्स पर नियुक्त पारा मेडिकल स्टाफ को हटाने के आदेश के बाद दोनों कर्मचारी को हटा दिया गया, जिसके बाद से कर्मचारी की कमी हो गयी है. इसके कारण एड्स जांच विभाग में कार्यरत कर्मचारी अपना कार्य करने के बाद माइक्रोबायालोजी विभाग का काम देख रहे हैं.
पिछले दिनों अस्पताल से रेडियोलॉजिस्ट के हटा देने के कारण अस्पताल में सीटी स्कैन, अल्ट्रासाउंड व एक्सरे विभाग की रिपोर्ट नहीं बन रही है, जिससे मरीजों को बाहर जाकर सीटी स्कैन, अल्ट्रासाउंड व एक्सरे कराना पड़ रहा है. वहीं अधीक्षक डॉ एसएन झा ने बताया कि इसके लिए सरकार को लिखा गया है. जल्द ही इस विभाग के लिए डॉक्टर नियुक्त हो जायेगा.
एमजीएम में पाइप लाइन से मरीजों तक पहुंचेगा ऑक्सीजन, काम शुरू : एमजीएम अस्पताल परिसर में ऑक्सीजन गैस प्लांट लगाने का काम शुरू हो गया है. सबसे पहले अस्पताल के नये व पुराने भवन में ऑक्सीजन पाइप लाइन लगाया जा रहा है. रविवार को सर्जरी की नयी ओटी में पाइप लगाया गया.
इसके बाद पुराने व नये भवन के सभी वार्ड व ऑपरेशन थियेटर, इमरजेंसी, बर्न यूनिट आदि विभागों में गैस पाइप लाइन लगाया जायेगा. बीते दिनों एमसीआइ की टीम की आपत्ति जताये जाने के बाद सरकार ने ऑक्सीजन प्लांट के लिए आवंटन दिया है. अभी मरीजों को ऑक्सीजन सिलिंडर से दिया जाता है.
अचानक सिलिंडर खत्म होने पर काफी परेशानी होती है. इसकी सबसे अधिक जरूरत इमरजेंसी व बच्चा वार्ड में होती है. ऑक्सीजन की कमी से कभी-कभार मरीजों की मौत तक हो जाती थी.
लैब टेक्नीशियन बढ़ने की होगी मांग
जमशेदपुर. झारखंड अनुबंधित पारा चिकित्सक संघ की रविवार को राघव कुमार की अध्यक्षता में साकची स्थित टीबी अस्पताल में बैठक हुई. इसमें उपस्थित संघ के सदस्यों ने सरकार से तीन मांगों को लेकर मिलने का निर्णय लिया.
इसमें लैब टेक्नीशियन की सीट सात सौ करने, एएनएम की सीट पांच हजार करने, वैसे अनुबंध पर नियुक्त पारा मेडिकल कर्मचारी जिनका निबंधन किसी कारण से छूट गया है
उन सभी का निबंधन करने, पूर्व में जो भी आउटसोर्स कर्मचारी अनुबंध पर कार्यरत हैं उनमें आवासीय नीति लागू नहीं हो. बैठक में नवीन कुमार गुप्ता, जगन्नाथ महतो, अशोक कुमार भारती, मिंटू कुमार, कृष्णा महतो, संतोष महतो आदि उपस्थित थे.
