जमशेदपुर : टीआरएफ में एकतरफा फैसला लेते हुए प्रबंधन द्वारा कर्मचारियों के एकाउंट में बोनस राशि भेजने से यूनियन में नाराजगी है. यूनियन ने तय किया है कि वह मैनेजमेंट के साथ कोई सहयोग नहीं करेगी. मैनेजमेंट के साथ ज्वाइंट कमेटी की बैठक में अब कोई बातचीत नहीं होगी. दरअसल, यूनियन के सदस्यों ने मंगलवार को अध्यक्ष राकेश्वर पांडेय के साथ पहले मीटिंग की.
मीटिंग के बाद यूनियन नेताओं ने मैनेजमेंट के अधिकारियों से कहा कि जब प्रबंधन के साथ यूनियन बोनस पर बात कर रही थी तो इस बीच प्रबंधन ने सीधे 8.33 फीसदी बोनस की राशि क्यों कर्मचारियों के एकाउंट में भेज दिया? यूनियन नेताओं ने शाम छह बजे तक फैसले वापस लेने को कहा इसके बाद आगे की रणनीति तैयार करने और पहले चरण में ज्वाइंट मीटिंग का बहिष्कार करने की घोषणा की.
यूनियन का कहना था कि कभी भी बोनस एक्ट के तहत राशि नहीं ली गयी. हमेशा से सौहार्दपूर्ण वातावरण में काम हुआ, लेकिन इस तरह एकतरफा फैसला बर्दाश्त नहीं किया जायेगा.
शाम तक इंतजार करने के बाद जब कोई रास्ता नहीं निकला तो तय किया गया कि ज्वाइंट कमेटी की बैठक में अब कोई बातचीत नहीं होगी. यूनियन मैनेजमेंट के साथ कोई सहयोग नहीं करेगी.
विरोध जारी रहेगा
जब मैनेजमेंट की ओर से एकतरफा फैसला लिया जा रहा है तो यूनियन भी अपने स्तर से इसका विरोध करने को स्वतंत्र है. यह विरोध जारी रहेगा.
राकेश्वर पांडेय , अध्यक्ष, टीआरएफ यूनियन
