जमशेदपुर : पोटका के लोगों ने मंगलवार को सीएच एरिया स्थित खनन विभाग के कार्यालय का घेराव किया तथा एक ज्ञापन सौंप कर ग्रामसभा की मंजूरी के बगैर दी गयी पोटका क्षेत्र के खदानों को बंद कराने की मांग की. ज्ञापन में कहा है कि पोटका के डाटोबेड़ा मौजा के खाता संख्या 125 के खेसरा संख्या 1, खंड 1 के रकबा 7.50 एकड़ और खेसरा संख्या 1, खंड 2 के रकवा 5 एकड़ क्षेत्र पर उत्खनन के लिए वीर बिरसा मिनरल्स को खदान दे दी गयी है. उक्त जमीन पर पारंपरिक पूजा होती है.
साथ ही गोचर और मसान के रूप में भी जमीन का उपयोग होता रहा है. उक्त जमीन के बगल वाले रैयतदार अटल गोप, तरण गोप, गिरी भूमिज, घासीराम भूमिज, गिरी भूमिज अपनी जमीन पर खेती करते आ रहे हैं. खनन कार्य से ये सभी प्रभावित होंगे. पोटका अंचल पांचवीं अनुसूची क्षेत्र में आता है, यहां पेसा अधिनियम 1996 लागू है. डाटोबेड़ा के लोगों ने ग्रामसभा कर जिले के वरीय पदाधिकारियों को 2012 और 2016 में सूचना दी थी. हमने खनन कार्य नहीं करने देने का फैसला लिया है.
पुराना मामला है, जांच की जा रही है : खनन पदाधिकारी
खनन पदाधिकारी वेंकटेश कुमार ने बताया कि यह मामला पुराना है. वर्तमान में कोई माइनिंग लीज नहीं दी गयी है, सिर्फ नवीनीकरण किया गया है. ग्रामीणों की भावनाओं को देखते हुए सभी की जांच की जा रही है.
