जमशेदपुर : टाटा स्टील कर्मियों का मेडिकल एक्सटेंशन बंद कर बदले में पैकेज देने पर हुए समझौते की समीक्षा की जा रही है. नफा-नुकसान का आकलन किया जा रहा है, जिसमें कमेटी मेंबरों से लेकर कर्मचारियों में नाराजगी है. विरोध के स्वर के बीच शुक्रवार को टाटा वर्कर्स यूनियन अध्यक्ष आर रवि प्रसाद के साथ […]
By Prabhat Khabar Digital Desk | Updated at :
जमशेदपुर : टाटा स्टील कर्मियों का मेडिकल एक्सटेंशन बंद कर बदले में पैकेज देने पर हुए समझौते की समीक्षा की जा रही है. नफा-नुकसान का आकलन किया जा रहा है, जिसमें कमेटी मेंबरों से लेकर कर्मचारियों में नाराजगी है. विरोध के स्वर के बीच शुक्रवार को टाटा वर्कर्स यूनियन अध्यक्ष आर रवि प्रसाद के साथ यूनियन के डिप्टी प्रेसिडेंट अरविंद पांडेय समेत कुछ पदाधिकारियों को बुके देकर और माला पहनाकर कमेटी मेंबरों ने स्वागत किया. यूनियन अध्यक्ष के कार्यालय पहुंचकर उनका अभिनंदन किया गया.
स्वागत करने वालों में कमेटी मेंबर आरआर शरण, केके सिंह, विक्रम सिंह, डी भानुजी, रवि उपाध्याय, अंजनी पांडेय, दिनेश्वर कुमार, डब्ल्यूआरएम के राकेश कुमार सिंह, जेपी लेंका समेत अन्य शामिल थे. अध्यक्ष आर रवि प्रसाद ने कमेटी मेंबरों का आभार जताते हुए कहा कि सबके सहयोग से कर्मचारियों की सुविधा बंद करने के बदले सम्मानजनक लाभ दिलाने में हमें कामयाबी मिली.
मेडिकल एक्सटेंशन बंद करना मजदूर विरोधी कार्यप्रणाली का हिस्सा : सुभाष
टाटा वर्कर्स यूनियन के एलडी 2 के कमेटी मेंबर सुभाष ने कहा है कि मेडिकल एक्सटेंशन को बंद किया जाना अध्यक्ष आर रवि प्रसाद की मजदूर विरोधी कार्यप्रणाली का हिस्सा है. 72 साल पुरानी सुविधा को बंद किया जाना मजदूर विरोधी फैसला है. इसके लिए अध्यक्ष आर रवि प्रसाद और शहनवाज आलम ही जिम्मेदार है. ऐसे नेतृत्व को मजदूर स्वीकार नहीं करेंगे.
अध्यक्ष ने तो ऐतिहासिक समझौता कर लिया
सिक्यूरिटी विभाग के पूर्व कमेटी मेंबर टीएन ठाकुर ने तंज कसते हुए कहा कि अध्यक्ष आर रवि प्रसाद ने एेतिहासिक समझौता कर लिया. उनकी टीम को कर्मचारी हमेशा याद रखेंगे क्योंकि अब तक ऐसा लाभ किसी ने नहीं दिलाया. ऑफिस बियररों ने इसके लिए मेहनत की है. निश्चित रूप से इस उपलब्धि के लिए उनका अभिनंदन किया जाना चाहिए.