हजारीबाग: चरही तापीन साउथ के सीसीएल क्लब हॉल में झारखंड मुक्ति मोर्चा हजारीबाग जिला समिति की बैठक मंगलवार को हुई. अध्यक्षता जिलाध्यक्ष संजीव बेदिया ने की. संचालन जिला सचिव नीलकंठ महतो ने किया. बैठक में संसद के दोनों सदनों से पारित खान एवं खनिज संशोधन विधेयक पर विस्तृत चर्चा की गई.
मुख्य अतिथि झामुमो केंद्रीय महासचिव फागू बेसरा ने कहा कि यह विधेयक झारखंड सहित देश के खनिज संपन्न राज्यों के अधिकारों को कमजोर करने वाला है. झारखंड की धरती से निकलने वाले कोयला, लौह अयस्क और अन्य खनिज देश की अर्थव्यवस्था को गति देता हैं, लेकिन केंद्र सरकार लगातार राज्यों के अधिकारों में कटौती करने का प्रयास कर रही है. जल, जंगल, जमीन और खनिज संपदा पर पहला अधिकार झारखंड की जनता का है. केंद्र सरकार राज्यों के अधिकारों को सीमित करने का प्रयास करेगी तो झामुमो इसका पुरजोर विरोध करेगा.
केंद्रीय सदस्य राजकुमार महतो ने कहा कि झारखंड कोई उपनिवेश नहीं है, जहां के संसाधनों पर दिल्ली में बैठकर निर्णय लिया जाय. झारखंड लंबे संघर्ष और बलिदानों के बाद अस्तित्व में आया है. केंद्र सरकार द्वारा लाया गया यह संशोधन संघीय ढांचे की भावना के खिलाफ है.
जिला सचिव नीलकंठ महतो ने कहा कि यह विधेयक राज्य के राजस्व को प्रभावित करेगा, जिससे मुख्यमंत्री मइयां सम्मान योजना, अबुआ आवास योजना सहित कई जनकल्याणकारी योजनाओं पर सीधा असर पड़ेगा. बैठक में संगठन की मजबूती, जनसंपर्क अभियान तथा आगामी राजनीतिक कार्यक्रमों पर भी चर्चा की गई.
बैठक में गौरव पटेल, राजलाल महतो, इजहार अंसारी, विकास राणा, यासीन खान, राम किशोर मुर्मू, युवा मोर्चा उपाध्यक्ष पियुष बेदिया, सतीश नारायण दास, कुणाल यादव, दीपक राय, रामकिशोर महतो, मोहन सोरेन, राजदेव यादव, लखीराम मांझी, मो अख्तर, सुनीता देवी, श्वेता दुबे, रेशमी टुडू, सैफुल्ला अंसारी, इलियास अंसारी, कौशर् अंसारी, कपिलदेव चौधरी, राजेश मेहता, विनेश पासवान, सुलेंद्र बांडों, राजेश कुमार बेदिया, बालकुमार महतो, प्रभू मुर्मू, लालो मांझी, राजू महतो, परसनाथ महतो सहित काफी संख्या में झामुमो नेता व कार्यकर्ता उपस्थित थे.
